शामली। डीएम सुजीत कुमार ने बताया कि पूरे जनपद को 26 जनवरी तक ओडीएफ घोषित कर दिया जाएगा। निर्माणाधीन शौचालयों का 15 दिनों के अंदर निर्माण पूरा करा लें।
ग्राम सचिव के विरुद्ध निलंबन की कार्रवाई की जाएगी। सहयोग न करने वाले ग्राम प्रधानों के खातों पर रोक लगा दी जाएगी। शनिवार को जिलाधिकारी सुजीत कुमार ने कलक्ट्रेट सभाकक्ष में स्वच्छ भारत मिशन की समीक्षा बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पूरे जनपद को 26 जनवरी तक घोषित करने हेतु निर्माणाधीन शौचालयों का 15 दिनों के अंदर निर्माण पूरा करा लिया जाएगा।
जिस ग्राम सचिव के गांव में निर्माण कार्य पूरा नहीं हुआ तो उसके विरुद्ध निलंबन की कार्रवाई तथा स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत शौचालय निर्माण में सहयोग न करने वाले ग्राम प्रधानों के खातों पर रोक लगाई जाएगी। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी यशु रूस्तगी, जिला पंचायत राज अधिकारी सतीश कुमार, बीडीओ थानाभवन पंकज कुमार, व अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी सुजीत कुमार, एसपी डाक्टर अजयपाल शर्मा ने नववर्ष की शुभकामनाएं भी दीं।
गलत सूचना देने वालों पर डीएम नाराज
शामली। जिलाधिकारी सुजीत कुमार ने कहा स्वास्थ्य विभाग जन सामान्य से जुड़ा हुआ विभाग है इसलिए स्वास्थ्य से जुड़े सभी चिकित्सक, अधिकारी व कर्मचारी, पूरी निष्ठा और ईमानदारी से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों द्वारा गलत सूचना देने पर नाराजगी व्यक्त की तथा भविष्य में इसकी पुनरावृत्ति न किए जाने के सख्त निर्देश दिए।
शनिवार को कलक्ट्रेट सभाकक्ष में जिलाधिकारी सुजीत कुमार ने जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक को अनुमोदन हेतु प्रस्तुत प्रस्तावों पर गहनता से समीक्षा के बाद आवश्यक सुधार के साथ अग्रिम कार्रवाई के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए।
उन्होने एमओसी कुड़ाना को सितंबर माह में 100 प्रतिशत टीकाकरण पूर्ण हुआ था अब वह घटकर 55.2 प्रतिशत रह गया है जिसमें एमओसी को क्षेत्र में जाकर जानकारी प्राप्त करें और आशाओं को उनके कार्य के प्रति जागरूक करने के लिए कहा और एमओसी ऊन की सूची को देखते हुए यह आदेश दिए कि सितंबर माह में 78 प्रतिशत से 58 प्रतिशत पर आ जाने का क्या कारण रहा और आपके सहायक और आशाएं अपने जिम्मेदारी समझकर अपना कार्य सही प्रकार से करें और प्रतिशत को आगे बढ़ा जाए और सभी जनपद की आशाओं को साप्ताहिक समीक्षा के दौरान उनको निर्देश दिए कि अपने प्रपत्र साथ में लेकर आए तथा जिन आशाओं को प्रपत्र भरने नहीं आते उनको प्रपत्र भरने सिखाए जाएं।
बैठक में जिलाधिकारी ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को गर्भवती महिलाओं की जांच और टीका समय पर लगाने तथा उनको आयरन की गोली भी समय पर उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने सरकारी अस्पतालों के साथ-साथ रजिस्टर्ड प्राइवेट अस्पतालों को भी प्रसव के आंकड़ों को एकत्रित करने के निर्देश दिए ।