शामली। शहर के एक व्यापारी से फोन पर 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगे जाने से दहशत फैल गई है। पीड़ित व्यापारी ने रंगदारी मांगने की तहरीर पुलिस को दी है। पीड़ित ने रंगदारी मांगने का आरोप आरएसएस नेता के भतीजे पर लगाया। वहीं, दूसरे पक्ष के लोग भी पुलिस अधिकारियों से मिलकर व्यापारी के आरोप को निराधार बताया है। सीओ सिटी ने शामली कोतवाली पुलिस को जांच करने का निर्देश दिए हैं।
कैराना में सराफ से रंगदारी मांगे जाने का मामला अभी थमा ही नहीं कि एक और मामला प्रकाश में आ गया। रंगदारी मांगने की बढ़ती घटनाओं से पुलिस प्रशासन के लिए सिरदर्दी बढ़ती जा रही है। इसी कड़ी में शामली में फूल मार्केट के पास किराना की दुकान करने वाले आलोक कुमार ने रविवार रात शामली कोतवाली पुलिस को तहरीर देकर बताया कि उनके मकान के पास ही रहने वाले संजय ने उनसे मोबाइल फोन पर कॉल करके 10 लाख रुपये रंगदारी मांगी है।
इसके बाद पुलिस ने आरोपी युवक को पकड़ने के लिए दबिश दी। आरोपी युवक एक आरएसएस नेता का रिश्तेदार है। उधर, सोमवार को दोनों पक्षों के लोग शामली कोतवाली पहुंचे। वहां से सीओ सिटी कार्यालय में दोनों पक्षों की वार्ता हुई। उसमें आरोपी युवक के परिवार के लोगों ने कहा कि रंगदारी मांगने का आरोप झूठा है।
आरोप लगाने वाले व्यापारी आलोक से रंगदारी मांगने का सबूत मांगा, तो उसने मोबाइल कॉल रिकार्डिंग सुनवाई, मगर उसमें रंगदारी मांगने की पुष्टि नहीं हुई। सीओ सिटी उपेंद्र यादव ने बताया कि मामले में फिलहाल शामली कोतवाली पुलिस से जांच कराई जा रही है। मोबाइल की कॉल रिकार्डिंग की जांच भी कराई जा रही है। यदि रंगदारी मांगने की पुष्टि होती है, तो आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।