समीर हत्याकांड के आरोपी की जानकारी देते एसपी।
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शामली में बालक समीर की हत्या उसकी मां के अनैतिक संबंधों के चलते हुई थी। शुक्रवार को आदर्श मंडी थाना पुलिस ने वारदात का खुलासा करते हुए हत्यारोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक समीर ने हत्यारोपी और अपनी मां को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। समीर की जुबां खुलने पर फंसने के डर में आरोपी ने उसकी आवाज हमेशा के लिए बंद कर दी। आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू, खून से सनी शर्ट और बालक की चप्पल बरामद की गई हैं।
एसपी दिनेश कुमार ने पुलिस कार्यालय पर प्रेसवार्ता में बताया कि 10 जुलाई की रात करीब आठ बजे फिरोज पुत्र हनीफ निवासी मोहल्ला नाला पटरी रेलपार ने आदर्श मंडी थाने में अपने बेटे समीर (7) की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। अगले दिन 11 जुलाई को समीर का शव मोहल्ला रेलपार स्थित आम के बाग के पास हरेंद्र के खेत में पड़ा मिला था। इसके बाद पुलिस ने घटना की छानबीन शुरू की। इसी दौरान पुख्ता सबूत मिलने पर आरोपी अजय पुत्र बाबूराम निवासी गांव बधेव को बृहस्पतिवार की रात करीब साढ़े नौ बजे झिंझाना रोड पर नहर पुल के पास से गिरफ्तार कर लिया। एसपी ने बताया कि आरोपी अजय भी उसी मकान के एक कमरे में अपनी पत्नी के साथ किराये पर रहता है, जिसमें फिरोज का परिवार रहता है।
पूछताछ में अजय ने बताया कि समीर की मां के साथ आठ माह से उसके अनैतिक संबंध थे। आठ दिन पूर्व समीर ने दोनों को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। तब समीर को उसकी मां ने खाने-पीने की चीज देकर समझा दिया था, लेकिन अजय को इस पर भरोसा नहीं हुआ और डर लगा रहा। पुलिस के अनुसार 10 जुलाई को जब समीर की मां डाक्टर के यहां चली गई तो आरोपी अजय समीर को आम खिलाने के बहाने अपने साथ ले गया और गन्ने के खेत में ले जाकर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद उसके हाथ की नस भी काट दी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
हत्या के बाद सबूत मिटाने की कोशिश
हत्यारोपी अजय ने समीर का कत्ल करने के बाद सबूत मिटाने की पूरी कोशिश की। इसी कारण उसने घर आकर वह शर्ट बदल दी, जिस पर खून के धब्बे लगे थे। इसके अलावा हत्या में प्रयुक्त चाकू को गांव बरला जट जाने वाले मार्ग पर झाड़ियों में छिपा दिया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के साथ ही खून के धब्बे लगी शर्ट, हत्या में प्रयुक्त चाकू और बालक समीर की चप्पल भी बरामद कर ली हैं।
पोल खुलने के डर ने बनाया दिया बेरहम हत्यारा
शामली। अवैध संबंधों में एक मासूम की बली चढ़ गई। मासूम समीर का इतना गुुनाह था कि उसने अपनी मां को उसके प्रेमी अजय के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। जिसका भय अजय के दिल में बैठ गया था कि उनकी पोल ना खुल जाए। पुलिस के अनुसार हालांकि समीर की मां ने उसे समझा भी दिया था। समीर भी इस बात को भूल भी चुका था और आठ दिन बीत चुके थे। मगर, अजय चैन से नहीं सो पा रहा था। इसी डर ने उसको बेरहम हत्यारा बना दिया। बच्चे की हत्या करते हुए अजय इंसानियत भूल चुका था और उसने कलेजा पत्थर का बन लिया था। तभी वह समीर की हत्या कर पाया। पहले उसने बच्चे का हाथ से गला दबाया। बेहोश होने के बाद उसने एक फंदे से उसका गला फिर दबाया। उसे तब भी यकीन नहीं हुआ कि बच्चा मर चुका है। इसके बाद उसने उसके हाथ की नस ही काट दी। मासूम का गला दबाते और उसके हाथ की नस काटते हुए एक बार भी उसका कलेजा नहीं थर्राया।
दो घंटे लगे बच्चे को ठिकाने लगाने में
पुलिस के अनुसार दस बजे समीर की मां घर से दवाई लेने के लिए निकली। उसके जाते ही अजय बच्चे को गन्ने के खेत में ले गया और उसकी हत्या कर दी। हत्या करने और शव को ठिकाने लगाने में उसे दो घंटे पांच मिनट लगे। पुलिस के अनुसार इतने समय हत्यारोपी के मोबाइल की लोकेशन घटनास्थल पर मिली।
मोबाइल की लोकेशन ने खोल कर रख दिया पूरा केस
केस के खुलासे में सर्विलांस की महत्वपूर्ण भूमिका रही। शक होने पर पुलिस ने आरोपी अजय की घटना के वक्त की लोकेशन निकलवाई तो पता चला कि उसकी लोकेशन गन्ने के खेत में ही मिली। पुलिस के अनुसार 10.16 बजे से 12.21 बजे तक हत्यारोपी अजय घटनास्थल पर रहा। पुलिस ने उससे पूछताछ की तो वह टूट गया और सारा मामला पुलिस को बता दिया।
समीर की मां की संलिप्तता की भी जांच कर रही पुलिस
समीर की मां के अवैध संबंध अजय के साथ थे। बच्चे ने देख लिया तो उसकी हत्या कर दी गई। अब बच्चे की हत्या में उसकी मां ने प्रेमी का साथ दिया या नहीं? इसकी जांच में भी पुलिस लगी हुई है। एसपी ने बताया कि जांच की जा रही है। यदि मां की संलिप्तता पाई जाती है तो उसको भी आरोपी बनाया जाएगा।