शामली। बनत में चुनावी सभा में दंगे की याद दिलाकर वोट मांगने के मामले में निर्दलीय प्रत्याशी मनीष चौहान फंस गए हैं। आरोप है कि चुनावी सभा भी बिना अनुमति के आयोजित की गई थी। एसडीएम के आदेेश पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
शनिवार शाम शामली विधानसभा से निर्दलीय प्रत्याशी मनीष चौहान ने बनत में वोट मांगे थे। इस दौरान फ्लाइंग स्क्वायड टीम के मनोज कुमार के द्वारा वीडियोग्राफी भी कराई गई थी।
आरोप है कि मनीष चौहान द्वारा इस दौरान दंगे के नाम पर वोट मांगी है। टीम ने प्रशासन को इसकी सूचना दी, जिसके बाद एसडीएम ने वीडियोग्राफी की जांच कराई और रविवार को मामले में मुकदमा दर्ज कराने के आदेश दिए। जिसके बाद पुलिस ने फ्लाइंग स्क्वॉयड प्रभारी मनोज कुमार की ओर से मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने मामले में आचार संहिता का उल्लंघन तथा भावनाएं भड़काने के मामले में मुकदमा दर्ज किया है।
थाना प्रभारी साहब सिंह का कहना है कि जांच शुरू कर दी है। फ्लाइंग स्कवॉयड प्रभारी मनोज कुमार के अनुसार बिन अनुमति चुनावी सभा और रोड शो
करने तथा भावनाएं भड़काने के मामले में एसडीएम साहब के आदेश पर मुकदमा दर्ज कराया गया है।
सुरेश राणा के खिलाफ आयोग ने भेजा नोटिस
शामली। थानाभवन में बूथ कार्यकर्ता सम्मेलन के दौरान विवादित बयान देने पर भाजपा प्रत्याशी सुरेश राणा बुरी तरह फंस गए हैं। बयान देने के बाद उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई थी, अब केंद्रीय चुनाव आयोग ने नोटिस जारी किया है।
केंद्रीय चुनाव आयोग के सेक्रेटरी अनुज जयपुरियार ने नोटिस के संबंध में उत्तर प्रदेश के मुख्य चुनाव अधिकारी (सीईओ) को भेजा, जिसके बाद जिलाधिकारी शामली को भी यह पत्र प्राप्त हुआ। जिलाधिकारी सुजीत कुमार ने बताया कि चुनाव आयोग ने थानाभवन से भाजपा प्रत्याशी सुरेश राणा को नोटिस जारी किया है।
उसमें सुरेश राणा के बयान पर आपत्ति जताई गई है। निर्धारित समयावधि में सुरेश राणा को इस नोटिस का जवाब देना होगा। इसके लिए सुरेश राणा को केंद्रीय चुनाव आयोग के समक्ष पेश भी होना पड़ सकता है। गौरतलब है कि 29 जनवरी को थानाभवन में बूथ सम्मेलन के दौरान थानाभवन से भाजपा प्रत्याशी सुरेश राणा ने बयान दिया था कि यदि मैं हार गया, तो देवबंद में जश्न मनेगा और वो कहेंगे सुरेश राणा का इलाज कर दिया, यदि मैदान मार लिया तो देवबंद, कैराना और मुरादाबाद में कर्फ्यू लग जाएगा। सुरेश राणा का यह बयान सुर्खियों में आने के बाद थानाभवन विधानसभा सीट के उड़न दस्ता प्रभारी की तहरीर पर सुरेश राणा के खिलाफ विवादित बयान देने और आचार संहिता उल्लंघन के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई थी।