शामली। बीमित व्यक्ति की मृत्यु के उपरांत क्लेम की धनराशि अदा नहीं किए जाने पर दायर वाद में जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष फोरम ने रिलायंस लाइफ इंश्योरेंस कंपनी के महाप्रबंधक, क्षेत्रीय प्रबंधक और शाखा प्रबंधक पर जुर्माना लगाया है।
शामली कोतवाली क्षेत्र के गांव लिलौन निवासी ओमबीर सिंह ने रिलायंस लाइफ इंश्योरेंस से वर्ष 2014 में तीन पॉलिसी कराई थी। एक पॉलिसी संख्या 51516183 अंकन पांच लाख रुपये में उन्होंने अपने बेटे निकुंज को नोमिनी बनाया था, जबकि दूसरी पॉलिसी संख्या 51757243 अंकन 10 लाख रुपये में बेटी प्रीति तथा तीसरी पॉलिसी संख्या 51316331 अंकन पांच लाख रुपये में पत्नी राजेश देवी को नोमिनी बनाया था।
इसके बाद 16 मार्च 2015 को ओमवीर की गोली मारकर हत्या कर दी गई, जिसके बाद तीनों की पॉलिसी का क्लेम लेने के लिए नोमिनी शामली में लोहे का पुल स्थित रिलायंस लाइफ इंश्योरेंस कंपनी के दफ्तर में आवेदन किया।
बीमा कंपनी के अधिकारियों ने निर्धारित समय में क्लेम धनराशि का भुगतान नहीं किया और 30 जून 2016 को तीनों आवेदकों को पत्र भेजकर कह दिया कि ओमवीर सिंह पूर्व में बीमार रहे थे, जिस कारण तीनों आवेदन को खारिज कर दिया। इसके बाद ही उक्त तीनों ने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष फोरम में वाद दायर किए, जिनमें एक वाद निकुंज, दूसरा प्रीति और तीसरा राजेश देवी की तरफ से दाखिल किया गया।
जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष फोरम के अध्यक्ष एसकेएस यादव और सदस्य श्रवण कुमार ने वाद की सुनवाई की, जिसमें रिलायंस लाइफ इंश्योरेंस कंपनी के महाप्रबंधक, क्षेत्रीय प्रबंधक और शामली शाखा प्रबंधक को तीनों बीमा पॉलिसी का भुगतान 20 लाख रुपये, मानसिक क्षतिपूर्ति 30 हजार रुपये तथा वाद व्यय 15 हजार रुपये मय 30 दिन के भीतर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष फोरम कार्यालय में जमा कराने का आदेश दिया। साथ ही बीमित व्यक्ति ओमवीर की मृत्यु के दिनांक 16 मार्च 2015 से भुगतान की तिथि तक 6 प्रतिशत वार्षिक ब्याज देना होगा। यदि निर्धारित 30 दिन के भीतर भुगतान नहीं किया जाता है, तो उसके बाद 12 प्रतिशत वार्षिक दंडात्मक ब्याज देना पड़ेगा।