शामली। शहर में लिपिक ओमपाल की सनसनीखेज वारदात से दहशत पसर गई। लिपिक ओमपाल की हत्या कर सामान भी लूट लिया गया और हत्यारोपी बाइक भी ले गया। बावजूद इसके शुगर मिल कालोनी के लोगों को भनक तक नहीं लगी। यह वारदात उन पहलुओं को भी उजागर करती है, जो समाज में एकाकीपन और पड़ोसियों से बेहतर तालमेल के अभाव को बयां करते हैं।
लिपिक ओमपाल की पत्नी सरोज रविवार सुबह अपने बेटे कपिल और पुत्रवधू सुनीता के साथ गांव हाथी करौंदा गई थीं। ओमपाल घर पर अकेला था। शाम को करीब छह बजे वह लोग घर लौटते हैं और जैसे ही मकान का दरवाजा खोलते हैं, तो कमरे में ओमपाल का शव पड़ा मिला। इसके बाद ही शुगर मिल कालोनी के लोग मौके पर इकट्ठा होते हैं। अहम सवाल यह है कि दोपहर में जब ओमपाल की हत्या हुई और हत्यारोपी नकदी, जेवर तथा लैपटॉप आदि सामान तथा ओमपाल की बाइक लेकर फरार होता है, तो किसी पड़ोसी परिवार को इतना भी आभास नहीं होता कि ओमपाल की बाइक कोई दूसरा क्यों ले जा रहा है। यह बेहद चिंता का विषय है, क्योंकि जब पड़ोसी ही अनजान रहेंगे, तो बाहरी लोगों से कैसे बचा जाएगा।
किस लिए तैनात हैं शुगर मिल गेट पर सुरक्षा कर्मी
अपर दोआब शुगर मिल प्रबंधन ने बुढ़ाना रोड की तरफ मिल गेट पर सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की हुई है, ताकि यहां से आने जाने वालों नजर रखी जा सके। लिपिक ओमपाल का आवास भी गेट से चंद कदमों की दूरी पर है। बावजूद इसके लिपिक की हत्या और सामान लूटकर आरोपी फरार हो गया, लेकिन गेट पर सुरक्षा कर्मी उसे चेक तक नहीं कर पाए। अहम सवाल है कि आखिर शुगर मिल गेट पर सुरक्षाकर्मियों की तैनाती जिस उद्देश्य से की गई है, उस ड्यूटी को सुरक्षा कर्मी ठीक से क्यों नहीं कर पा रहे हैं।
इधर संताप, उधर कुदरत का इंसाफ
लिपिक ओमपाल की हत्या होने पर उसकी पत्नी सरोज का रो रोकर बुरा हाल हो गया। परिवार के अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए। हर व्यक्ति ओमपाल की हत्या से गमजदा था। इसी दौरान रोते रोते सरोज कह रही थी कि अरे जोनी तूने अच्छा नहीं किया, भगवान इंसाफ करेगा।
सरोज विलाप कर रही थी तथा पुलिस छानबीन करने में जुटी थी। इसी दौरान मालूम चला कि जिस जोनी का नाम लेकर सरोज अपने पति की मौत का जिम्मेदार बता रही है और संताप कर रही है, उसकी तो सरधना (मेरठ) क्षेत्र में सड़क हादसे में मौत हो गई है।
इसके बाद शामली कोतवाली पुलिस ने सरधना थाना पुलिस से संपर्क किया। उनसे पूछा कि क्या कोई युवक सड़क हादसे में मरा है। इसके साथ ही उसका नाम पता भी बताया और तो सरधना पुलिस ने भी उसका नाम जोनी बताया। इसके अलावा शामली पुलिस ने पूछा कि उसके पास से क्या क्या सामान मिला है, तो पता चला कि जोनी के पास से बाइक, लैपटॉप सहित अन्य सामान मिला है, जो लिपिक ओमपाल के घर से लूटा गया। वहीं, इसकी जानकारी करने के दौरान मौके पर काफी लोग इकट्ठा थे और वह कहने लगे कि ईश्वर ने इंसाफ कर दिया।
शातिराना ढंग से हुई हत्या
लिपिक ओमपाल की हत्या बेहद शातिर ढंग से की गई। इसको कमरे के हालात भी बयां कर रहे थे। क्योंकि कमरे में बेड़ के पास रखी चप्पलों पर उल्टी लगी हुई थी। संभावना है कि कमरे में शराब पी अथवा ओमपाल को जहर दिया गया, जिससे उल्टी हुई। ओमपाल का चेहरा नीला पड़ा था, जिससे दम घोंटने की आशंका बनी। इसके अलावा कमरे में रखी अलमारी खंगाली गई तथा एलबम से फोटो भी निकाले गए। इसके अलावा लिपिक ओमपाल अर्धनग्न अवस्था में मिलना भी कई सवाल खड़े कर रहा हैं।
ओमपाल का असिस्टेंट रहा जोनी
लिपिक ओमपाल का असिस्टेंट था। दो साल पूर्व शुगर मिल प्रबंधन ने किन्हीं कारणों से जोनी को नौकरी से हटा दिया था। तब से जोनी ओमपाल के संपर्क में बना रहता था और उसका घर पर आना जाना भी था।
बेटे की तरफ से दर्ज कराई गई रिपोर्ट
लिपिक ओमपाल की हत्या के मामले में उसके बेटे कपिल की तरफ से तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कराई गई। उसमें बनत निवासी जोनी को आरोपी बनाया। दर्ज कराई गई रिपोर्ट में बताया कि रविवार शाम करीब पांच बजे जब वह शुगर मिल पहुंचे, तो जोनी मकान से निकलने के बाद बाइक लेकर भाग रहा था। इसके बाद वह कमरे में पहुंचे, तो वहां ओमपाल का शव पड़ा मिला। रिपोर्ट में सोने चांदी के जेवरात, लैपटॉप और बाइक ले जाना बताया गया है।