झिंझाना (शामली)।
यमुना नदी किनारे गांव बल्हेड़ा की 250 बीघा कृषि भूमि पर 20 साल से अवैध कब्जा करने वाले हरियाणा के चार किसानों के खिलाफ झिंझाना थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पुलिस विवेचना करने में लगी हुई है।
जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह से झिंझाना क्षेत्र के बल्हेड़ा गांव के किसानों ने शिकायत की थी, जिसमें आरोप लगाया था कि बल्हेड़ा गांव के रकबे में शामिल यमुना नदी किनारे की करीब 250 बीघा कृषि भूमि पर हरियाणा के कुछ किसानों ने अवैध कब्जा कर रखा है। अवैध कब्जा करीब 20 साल से चल रहा है और हरियाणा के किसान आरोपी दिखाते हुए उक्त भूमि पर खेती कर रहे हैं। यदि वह लोग विरोध करते हैं, तो हरियाणा के किसान झगड़े पर आमादा हो जाते हैं। इसके बाद जिलाधिकारी ने मामले में कार्रवाई का आदेश दिया। इसी के चलते रविवार को लेखपाल उमेश चंद्र ने थाना झिंझाना पहुंचकर तहरीर दी। उसमें पानीपत के थाना चांदनीबाग के गांव रिसालू निवासी सुभाष के अलावा नवाब, आजम और मुस्तफा निवासी गांव राणा माजरा जिला पानीपत के खिलाफ लोक संपत्ति निवारण अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई गई। आरोप है कि करीब 20 वर्षों से गांव बल्हेडा की यमुना नदी के निकट 250 बीघा कृषि भूमि पर उक्त लोगों ने अवैध कब्जा किया हुआ है। थाना प्रभारी संदीप बालियान ने बताया कि बल्हेड़ा गांव के भीमसैन, करम सिंह, ईश्वरचंद, इनाम और साधू सहित अन्य किसानो की 250 बीघा जमीन पर अवैध कब्जा कर उसमें गेहूं की फसल बोई हुई है। उक्त भूमि पर राजस्व विभाग ने यूपी के किसानों को पूर्व में ही कब्जा दिला दिया गया था, लेकिन आरोपियों ने फिर से कब्जा कर लिया था। इसी के चलते जिलाधिकारी के आदेश पर आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले में जांच की जा रही है।
चार दिन बाद ही कर लिया अवैध कब्जा
शामली। थानाभवन क्षेत्र के गांव नोजल में चार दिन पूर्व ही राजस्व विभाग की टीम ने भूमि विवादों का निस्तारण करते हुए अवैध कब्जे हटवाए थे। अवैध कब्जाधारी पवन पुत्र धूम सिंह के खिलाफ थानाभवन थाने में लोक संपत्ति निवारण अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी, लेकिन आरोपी ने फिर से अवैध कब्जा कर लिया। ग्राम प्रधान ठाकुर अनिरुद्ध सिंह ने बताया कि इसके खिलाफ उच्चाधिकारियों से शिकायत की जाएगी।