एनआईए टीम ने रायफल लूट में जुटाई जानकारी
चौसाना (शामली)। अक्तूबर माह में पुलिसकर्मियों से रायफल लूट के मामले में एनआईए की टीम ने चौसाना पहुंचकर मामले की जांच की। टीम ने पुलिसकर्मियों से घटना के बारे में जानकारी ली । घटनाक्रम पर जांच पड़ताल और वीडियोग्राफी की।
इंस्पेक्टर झिंझाना बीपी सिंह ने टीम के आने की पुष्टि करते हुए बताया कि एनआईए की टीम बृहस्पतिवार को चौसाना चौकी पहुंची। टीम ने सिपाही संसार सिंह और होमगार्ड संजय दोनों से पूरी घटना की जानकारी ली। इन्हीं से रायफल और इंसॉस लूटी गई थी। टीम ने चौसाना चौकी के अन्य पुलिसकर्मियों से भी बातचीत कर घटना का ब्योरा जुटाया। थाने के दस्तावेज देखे। टीम के सदस्यों ने कमालपुर में घटनास्थल पर जाकर भी जांच पड़ताल की। ग्रामीणों ने भी बात कर जानकारी जुटाई। फायरिंग आदि के बारे में भी पूछा गया। कुछ जगह की वीडियोग्राफी भी टीम करके गई है। इंस्पेक्टर ने बताया कि टीम ने कई घंटे क्षेत्र में जांच पड़ताल की है।
गौरतलब है कि झिंझाना थानाक्षेत्र के बिडौली मार्ग पर दो अक्तूबर को एक सिपाही और होमगार्ड पर हमला कर उसे गोली मारकर रायफल और इंसॉस लूट ली थी। इस मामले में पुलिस ने 14 अक्तूबर को मुठभेड़ के बाद झिंझाना के रंगाना फार्म निवासी ग्रंथी करम सिंह गिरफ्तार हुए थे। इसके अलावा गुरुजेंट सिंह, निवासी धलावली, गंगोह सहारनपुर और अमरीत निवासी करनाल की भी गिरफ्तारी हुई थी। उनसे लूटे गए असलहे मिले थे। दो अन्य जर्मन सिंह और करमा फरार हुए थे, जिन्हें बाद में गिरफ्तार कर लिया गया था। इस केस का मुख्य आरोपी जर्मन को पटियाला पुलिस ने बीकानेर से पकड़ा था। जांच के बाद आरोपियों के संबंध खालिस्तानी समर्थकों से मिले थे। पुलिस का दावा था कि आरोपियों का इरादा पंजाब के पूर्व सीएम की रैली में बवाल करने का था। इस केस की जांच पहले पुलिस और बाद में एटीएस और अब एनआईए कर रही है।