कैराना के मैदानी इलाकों में बारिश रुकने व हथिनीकुंड बैराज पर पानी का दबाव कम होने से यमुना के जलस्तर में 60 सेंटीमीटर की कमी आई है। जिसके चलते तटवर्ती किसानों के साथ ही प्रशासन ने राहत की सास ली है।
दो दिन पहले मैदानी व पहाड़ी इलाकों में मूसलाधार बारिश से हथिनीकुंड बैराज पर पानी का दबाव बढ़ गया था। जिस पर सोमवार रात हथिनीकुंड बैराज से यमुना नदी में 2 लाख 81 हजार क्यूसेक पानी प्रति सेकेंड डिस्चार्ज किया गया।
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जिसके चलते मंगलवार को यमुना का जलस्तर चेतावनी बिंदू से दस सेमी अधिक हो गया था। मंगलवार शाम चार बजे यमुना का जलस्तर 231.1 मीटर था। यहां से खतरे का निशान महज 40 सेमी ऊपर था। वही, यमुना का जलस्तर बढ़ने से यमुना का पानी तटवर्ती किसानों की फसलों में घुस गया था।
मैदानी इलाकों में मंगलवार को बारिश थमने व हथिनीकुंड बैराज पर पानी का दबाव कम होने के बाद छोडे़ जाने वाले पानी की मात्रा धीरे-धीरे घट गई है। हथिनीकुंड बैराज से बुधवार सुबह आठ बजे यमुना नदी में छोडे़ जाने वाले पानी की मात्रा 25 हजार 841 क्यूसेक प्रति सेकेंड हो गई। जिसके चलते बुधवार सुबह यमुना का जलस्तर समुद्र तल से 230.5 मीटर पर आ गया। जिसके चलते तटवर्ती किसानों व प्रशासन ने राहत की सांस ली।