शामली। भारत-चीन सीमा पर हुए तनाव को पूर्व सैनिकों में चीन के खिलाफ गुस्सा बरकरार है। पूर्व सैनिकों का कहना है कि चीन धोखेबाज देश है। कड़े रुख को देखते हुए चीन को समझ आ गया है कि भारत मजबूत राष्ट्र है। भले ही चीन अपने कदम पीछे हटाने को तैयार हो गया हो, लेकिन उसकी बातों पर पूरी तरह से भरोसा नहीं करना चाहिए। वह दगाबाज देश है। उसकी हर चाल पर निगाह रखकर सतर्क रहना चाहिए। अगर चीन फर कोई भी गलत हरकत करता है तो उसका मुंह तोड़ जवाब दिया जाए। देशवासी भी चीन के उत्पादों का बहिष्कार कर उसको कड़ा सबक सिखाएं।
चीन भरोसे लायक देश नहीं
चीन ऐसा धोखेबाज, दगाबाज देश है उस पर भरोसा नहीं किया जा सकता। वह पहले भी धोखा दे चुका है। हाल ही में उसने भारतीय सैनिकों पर धोखे से वार किया। सीमा पर तनाव पैदा किया। सरकार अपने कड़े रुख पर कायम रही तो वह नरम पड़ गया, लेकिन उस पर इतनी जल्दी भरोसा नहीं करना चाहिए। सरकार सोचकर और परखकर कदम उठाएं। अगर चीन कोई गलत हरकत करता है तो उसका मुंह तोड़ जवाब दिया जाए। - विनोद कुमार, हवलदार तितरवाड़ा।
चीन की गतिविधियों पर नजर रखें
सीमा पर चीन की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जानी चाहिए। क्योंकि चीन का कोई भरोसा नहीं। वह कहता कुछ है और करता कुछ और है। उसने सीमा पर भारतीय सैनिकों पर धोखे से वार किया। उसका जवाब बहादुर जांबाज भारतीय सैनिकों ने दिया है। अब भारतवासी चीन में निर्मित उत्पादों का बहिष्कार कर चीन को परोक्ष रूप से सबक सिखाएं। - सतेंद्र तोमर, नायक भैंसवाल रोड शामली।
चीन से अभी सावधान रहने की जरूरत
भारत की सेना का मनोबल ऊंचा है। भारत अब मजबूत राष्ट्र है। भारत सीमा पर शांति चाहता है, लेकिन किसी के दबाव में भी आने वाला नहीं है। अगर कोई सीमा पर तनाव पैदा करने की कोशिश करेगा तो उसका मुंह तोड़ जवाब देना भी जानता है। यह बात चीन को अब समझ में आ गई है। चीन पहले से ही धोखेबाज रहा है। इसलिए अभी उससे सावधान रहने की जरूरत है। - राजपाल तोमर, सारजेंट हनुमान रोड शामली।