फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Shamli News: चाहे सरकारी कार्यालय हो या थाना...हर काम की तय है फीस

Sun, 21 Sep 2025 11:46 PM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
विज्ञापन
विज्ञापन
सहारनपुर। एंटी करप्शन की टीम 33 महीने में 29 सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को रिश्वत लेते पकड़ चुकी है। इससे साफ है कि सरकारी कार्यालयों में हर काम की कीमत तय है। चाहे थाना हो या अन्य सरकारी कार्यालय। कोई भी काम बिना सुविधा शुल्क दिए संभव नहीं है। अभी तक सामने आए रिश्वत से जुड़े मामलों में सबसे अधिक राजस्व विभाग के हैं, जबकि दूसरे नंबर पर पुलिस है।
विज्ञापन


पुलिस लाइन में एंटी करप्शन थाने की स्थापना वर्ष 2022 में हुई थी। थाना जनवरी 2023 में शुरू हो गया था। टीम ने वर्ष 2023 में आठ, 2024 में 11 और वर्ष 2025 में अब तक 10 सरकारी कर्मचारी-पुलिसकर्मियों को पकड़ा है। एंटी करप्शन का निशाना बनने वालों में सबसे ज्यादा लेखपाल, दरोगा, सिपाही से लेकर शिक्षा और स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ सहायक शामिल हैं।
पिछले साल दिसंबर में रामपुर मनिहारान थाने में तैनात दरोगा ने रिश्वत लेकर खाकी को शर्मसार किया। इनके अलावा मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय के वरिष्ठ सहायक राकेश कुमार 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किए गए।
विज्ञापन
विज्ञापन



भ्रष्टाचार के आरोप में सामने आए प्रमुख मामले
- 20 दिसंबर 2024 को रामपुर मनिहारान थाने में तैनात दरोगा जसवीर सिंह को रिश्वत लेते पकड़ा।
- 16 मई 2025 को मुख्य चिकित्सा अधिकारी का वरिष्ठ सहायक राकेश कुमार को 10 हजार की रिश्वत लेते पकड़ा।

- 28 जून को विद्युत निगम के संविदाकर्मी को 15 हजार रुपये की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया।
- दो जुलाई को आबकारी विभाग का उप निरीक्षक शैलेंद्र 25 हजार रुपये की रिश्वत पकड़ा गया।

- 26 जुलाई को जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय से स्टेनो अमित कुमार को पांच हजार की रिश्वत लेते पकड़ा।
- 20 सितंबर को सहारनपुर विकास प्राधिकरण कार्यालय से अवर अभियंता रविंद्र श्रीवास्तव व मेट वैभव सिंह को 50 हजार रिश्वत लेते पकड़ा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें