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Shamli News: सावधान! नकली हो सकते हैं 50, 100 और 500 रुपए के नोट

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- शामली का गिरोह बाजारों में खपा रहा नकली नोट
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- एसटीएफ और बैंक के अधिकारी लोगों को बता रहे असली और नकली नोटों की पहचान

- नकली नोट का लेनदेन करने पर हो सकती है 10 साल तक की सजा और लगाया जा सकता है जुर्माना

संवाद न्यूज एजेंसी

शामली। शामली, मेरठ और अन्य जिलों के लोग 50 और 100, 500 के नोट लेने से पहले जांच जरूर कर लें। शामली का नकली नोट खपने वाला गिरोह विभिन्न स्थानों पर 50 और 100 के नकली नोट ही खपा रहा था। हालांकि, अभी तक कितनी रुपये खपाए गए यह तो मास्टरमाइंड नफीस के पकड़े जाने के बाद ही पता लग सकेगा। पुलिस, एसटीएफ और बैंक अधिकारी नकली और असली नोटों की पहचान लोगों को बता रहे हैं, ताकि वह ठगे जाने से बच सके।
असली 100 के नोट की ऐसे करें पहचान...
बैंक मैनेजर राजेश कुमार और एसटीएफ के एएसपी बृजेश कुमार सिंह के अनुसार 100 रुपए के नोट के दोनों हिस्से पर देवनागरी में 100 लिखा है। नोट के बीच में महात्मा गांधी की फोटो होती है। असली नोट पर आरबीआई, भारत, इंडिया और 100 लिखे होते हैं। नोट को मोड़ने पर नोट में लगे तार का रंग बदलता है। नोट हरे से नीला हो जाएगा। असली नोट पर 100 का वॉटरमार्क भी है। नकली पर वाटर मार्क तो है, मगर वह हल्के रंग का होता है। 100 रुपए के नोट के पीछे छपाई का साल, स्लोगन, अलग-अलग भाषाओं में 100 और अशोक स्तंभ छपा हुआ होता है।
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500 के असली नोट की पहचान
केंद्रीय बैंक की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, 500 रुपये के असली नोट का साइज 63x150 मिमी है। इसका कलर स्टोन ग्रे है। वहीं, नोट के डिजाइन में जियोमेट्रिक पैटर्न को शामिल किया गया है। नोट पर मध्य में महात्मा गांधी की तस्वीर मध्य में और पीछे लाल किले को दर्शाया गया है। गौर करने वाली बात यह है कि इसमें नोट के पीछे लाल किले पर दर्शाया गया तिरंगा ही अपने असली रंग में है। 500 के नोट पर देवनागरी और अंग्रेजी में मूल्य को दर्शाया गया है। 500 के मूल्य का इलेक्ट्रोटाइप वॉटरमार्क है। नोट पर लगी सिक्योरिटी थ्रेट के बदलते रंग से भी आप आसानी से असली और नकली के बीच का अंतर पता कर सकते हैं।
50 के नोट की पहचान
महात्मा गांधी (नई) शृंखला में नए 50 रुपये नोटों पर भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर के हस्ताक्षर हैं। नोट के पिछले हिस्से पर ''''रथ के साथ हम्पी'''' का रूपांकन है, जो देश की सांस्कृतिक विरासत को दर्शाता है। गांधी की तस्वीर का रंग गहरा होता है, जबकि नकली में हल्का होता है। नजदीक से देखने पर वाटर मार्क भी अलग तरह का दिखाई देता है

सावधान, आप खुद भी फंस सकते हैं
वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील पंवार, अनुज ढाका का कहना है कि अगर आपके पास नकली नोट आ गया है, तो घबराने की जरूरत नहीं है। उसके बदले अन्य वस्तु खरीदने की कोशिश न करें। ऐसा करने पर आप कानूनी मुश्किलों में फंस सकते हैं। नकली नोट मिलने पर संबंधित कानूनी एजेंसी, पुलिस या फिर बैंक अधिकारियों के पास जाकर सूचित करें। नोट का सीरियल नंबर, राशि और जिस व्यक्ति की ओर से आपको प्राप्त हुआ है, उसके बारे में बताएं।
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हो सकती है 10 साल तक की सजा
वरिष्ठ अधिवक्ता सुनील पंवार, अनुज ढाका के अनुसार, अगर कोई नकली नोट के जरिए लेनदेन करते हुए पाए जाता है तो ये आईपीसी की धारा 489 में एक दंडनीय अपराध है। ऐसा करने पर दस साल की सजा और जुर्माना या फिर दोनों हो सकते हैं।
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