लखनऊ में बैठकर लगाए आरोप, शामली आते ही खंडन
शामली। लखनऊ में बैठकर प्रशासनिक अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाने वाले व्यापारी दीपक बंसल ने शामली आते ही आरोपों का खंडन कर दिया। व्यापारी की शिकायत के आधार पर पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर और आरटीआई एक्टिविस्ट नूतन ठाकुर ने भी मुख्यमंत्री से लगाए गए आरोपों की जांच की मांग की है।
शामली निवासी व्यापारी दीपक बंसल ने लखनऊ में बैठकर जनपद के प्रशासनिक अधिकारियों पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाए थे। उनके इन आरोपों से जिले में हड़कंप मच गया था। कई दिन से शिकायतकर्ता लखनऊ में ही था, लेकिन सोमवार को जिले में पहुंच गया। दोपहर बाद शिकायतकर्ता ने अपने आरोपों का खंडन कर दिया। दीपक की शिकायत के आधार पर पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर एवं आरटीआई एक्टिविस्ट नूतन ठाकुर ने भी रविवार को मुख्यमंत्री से शिकायत कर जांच की मांग की है।
दोपहर बाद तक दर्ज हुए बयान
शामली। शिकायतकर्ता दीपक बंसल सोमवार सुबह से ही कलक्ट्रेट में मौजूद रहे। कलक्ट्रेट में दोपहर बाद तक उनके बयान दर्ज कराने तथा बयानों की वीडियो रिकार्डिंग की कार्रवाई चलती रही। शाम को करीब चार बजे वह मीडिया के सामने आए और एक संक्षिप्त बयान देकर चले गए।
एडीएम और तहसीलदार के खिलाफ भी की थी शिकायत
शिकायतकर्ता ने एडीएम अरविंद सिंह, तहसीलदार अजय शर्मा के खिलाफ भी गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से शिकायत की थी। उनका कहना था कि उसके माध्यम से लोगों से करोड़ों रुपये लिए गए। साथ ही एक कार भी ली गई। शिकायत के साथ ऑडियो रिकार्डिंग, व्हाट्सएप चेट तथा फोटो आदि भी संलग्न किए गए थे। हालांकि इस मामले में भी दीपक बंसल ने शपथपत्र देकर शिकायत नहीं करने की बात कही थी। उन्होंने शहर कोतवाली में एक रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी कि उनके नाम से किसी ने गलत शिकायत की है।
पूर्व में अधिकारियों के खिलाफ शिकायतों की होगी जांच
डीएम जसजीत कौर ने बताया कि शिकायतकर्ता दीपक बंसल ने पूर्व में जो शिकायतें की हैं, उनका संज्ञान लिया जा रहा है। इन शिकायतों में लगाए गए आरोपों की जांच होगी तथा संबंधित अधिकारियों के बयान दर्ज किए जाएंगे।
जो कुछ भी मामला था, मैं उसका खंडन कर चुका हूं। उसकी कापी डीएम कोर्ट से ली जा सकती है। इससे ज्यादा मैं कुछ नहीं कहना चाहता। - दीपक बंसल, व्यापारी।
सोशल मीडिया पर जो शिकायत वायरल हो रही है, उसके संबंध में शिकायतकर्ता ने एक शपथ पत्र दिया है। परिवार के साथ बयान दिया है कि किसी के बहकावे में आकर वह शिकायत कर रहे थे। उन्हें कोई शिकायत नहीं है। - जसजीत कौर, डीएम।