अहोई अष्टमी का व्रत आज
शामली। संतान की रक्षा, स्वास्थ्य, सुख और समृद्धि के लिए रविवार को महिलाएं अहोई का व्रत रखेंगी।
मान्यता है कि हर साल कार्तिक कृष्ण पक्ष की अष्टमी को अहोई अष्टमी का व्रत रखा जाता है। यह व्रत करवाचौथ से चार दिन बाद और दिवाली से आठ दिन पहले मनाया जाता है। इस दिन माताओं द्वारा संतान के स्वास्थ्य, सुरक्षा और सुख समृद्धि के लिए अहोई की पूजा-अर्चना की जाती है। महिलाएं अपनी संतान की लंबी उम्र के लिए यह व्रत रखती हैं। पौराणिक मान्यता के अनुसार इस व्रत के फल से हर इच्छा पूरी हो जाती है। इस दिन मां पार्वती की पूजा की जाती है। अहोई अष्टमी रविवार सुबह 7.29 बजे से प्रारंभ होकर नौ नवंबर को सुबह 6.50 बजे तक रहेंगी।
अहोई अष्टमी पूजा मुहूर्त : शाम : 5.27 बजे से 6.47 बजे तक-तारों को देखने का समय: शाम 5. 56 बजे। चंद्रोदय का समय: रात 11. 56 बजे पर होगा।