- हसनपुर लुहारी निवासी 22 परिवारों का आवास योजना में 2017 में हुआ था चयन
- अब सरकार से स्वीकृति मिलने के बाद लाभर्थियों के खाते में पहुंचनी शुरू हुई पहली किश्त
संवाद न्यूज एजेंसी
जलालाबाद। पिछले पांच साल से आस लगाए बैठे हसनपुर लुहारी के 22 परिवारों की मुराद अब पूरी हुई है। भारत सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना में स्वीकृत 22 परिवारों के खाते में पहली किश्त भेजनी शुरू कर दी है।
वर्ष 2017 में भारत सरकार की ओर से प्रधानमंत्री आवास योजना का शुभारंभ किया गया था। इस योजना के तहत हसनपुर लुहारी गांव में 22 परिवारों को गरीब मानते हुए उनके मकान स्वीकृत किए गए थे। इस योजना के तहत एक परिवार को तीन किश्त में 1.40 लाख रुपये की धनराशि अपना मकान बनवाने के लिए दी जानी है। लेकिन बजट के अभाव में अब तक सरकार ने इन परिवारों को पैसा मुहैया नहीं कराया। चयनित सभी परिवार सरकारी दफ्तर पर चक्कर लगाकर अपने आवास बनाने की मांग कर रहे थे।
अब पांच साल बाद जाकर सरकार ने इस योजना में लंबित पड़े स्वीकृत मकानों कि सुध ली है। इसके साथ ही सरकार ने इन परिवारों की खातों में पहली किश्त के रूप में 40 हजार रुपये की धनराशि भेजने का काम भी शुरू कर दिया है। पात्र महिला शकुंतला देवी ने बताया कि अब उनके मकान की पहली किश्त आ गई है। वह पिछले पांच साल से इंतजार कर रहे थे। मुन्ना ने बताया कि किस आने के बाद उन्होंने मकान बनाने का काम भी शुरू कर दिया है।
ग्राम पंचायत सचिव नीरज सैनी ने बताया कि तीन पात्र परिवारों के खातों में पहले किश्त जा चुकी है। अन्य परिवारों के कार्रवाई प्रगति पर है। जल्द ही सभी पात्र परिवारों के खातों में पहली किश्त पहुंच जाएगी।