शामली। जिले में यूपी होमगार्ड भर्ती की लिखित परीक्षा 11 केंद्रों पर कड़ी चौकसी के बीच सीसीटीवी की निगरानी में आयोजित हुई। दूसरे दिन दोनों पाली में 8832 अभ्यर्थी पंजीकृत रहे। इनमें से 7013 ने परीक्षा दी और 1819 ने परीक्षा छोड़ दी। परीक्षा को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए। अधिकारियों ने भी केंद्रों पर पहुंचकर व्यवस्था का जायजा लिया।
परीक्षा दो पाली में आयोजित हुई। पहली पाली सुबह 10 बजे से 12 बजे तक और दूसरी पाली शाम 3 बजे से 5 बजे तक चली। एसपी नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि पहली पाली में 4416 अभ्यर्थी पंजीकृत रहे। इसमें 3504 ने परीक्षा दी और 912 ने परीक्षा छोड़ी। वहीं द्वितीय पाली में 4416 पंजीकृत रहे। इसमें 3509 ने परीक्षा दी और 907 ने परीक्षा छोड़ी। परीक्षा केंद्रों पर अभ्यर्थियों को एक घंटा पहले से प्रवेश दिया गया।
प्रवेश से पहले सभी की बायोमेट्रिक करते हुए सघन चेकिंग की गई। पगड़ी, घड़ी, इलेक्ट्रॉनिक गैजेट और अन्य संदिग्ध वस्तुओं पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया। सभी केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरों के जरिए निगरानी की गई। पुलिस विभाग द्वारा बनाए गए कंट्रोलरूम से भी गतिविधियों पर विशेष निगरानी रखी गई। नकल रोकने के लिए अभ्यर्थियों के जूते, बेल्ट तक उतवाएं, ताकि किसी भी प्रकार के अनुचित साधनों के इस्तेमाल को रोका जा सके। परीक्षा केंद्रों के बाहर सुबह से ही लंबी लाइन लगने लगी। गेट पर पुलिस बल की मौजूदगी में अभ्यर्थियों के एडमिट कार्ड और पहचान पत्र की बारीकी से जांच की गई।
-अधिकारियों ने लिया परीक्षा केंद्रों का जायजा
डीएम आलोक यादव, एसपी नरेंद्र सिंह, एडीएम सत्येंद्र कुमार व एएसपी सुमित शुक्ला के साथ ही अन्य अधिकारियोंं ने भी केंद्रों पर पहुंचकर केंद्रों पर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। वहीं केंद्र पर बने कंट्रोलरूम में पहुंचकर सीसीटीवी चेक करते हुए व्यवस्था देखी।
-परीक्षा छूटते ही सड़क, रेलवे स्टेशन और रोडवेज अड्डे पर उमड़ी भीड़
परीक्षा छूटते ही केंद्रों के बाहर जाम की स्थिति बनी रही। नजदीक के अभ्यर्थी अपने वाहनों से आए हुए थे, जबकि दूर के अभ्यर्थी अपने गणतव्य स्थान की ओर लौटने के लिए रोडवेज बस अड्डे और रेलवे स्टेशन की दौड़ते नजर आए। मेरठ, सहारनपुर और मुजफ्फरनगर के अभ्यर्थी अधिक होने के चलते बसों व ट्रेनों में अच्छी खासी भीड़ रही।