शामली। कस्बा जलालाबाद में पकड़े गए म्यांमार के चारों आरोपी युवकों का कैराना कोर्ट से सात दिन का पुलिस कस्टडी रिमांड स्वीकृत हो गया है। शनिवार सुबह आठ बजे से रिमांड अवधि शुरू होगी। थानाभवन पुलिस जिला कारागार मुजफ्फरनगर से चारों युवकों को रिमांड पर लाकर पूछताछ शुरू करेगी।
कस्बा जलालाबाद में अवैध रूप से रह रहे म्यांमार निवासी मदरसे के शिक्षक अब्दुल मजीद और तीन भाइयों नोमान, फुरकान और रिजवान को पुलिस ने 28 जुलाई की रात गिरफ्तार किया था। इनकी मदद करने और पुलिस को सूचना न देने पर जलालाबाद के तीन मदरसा संचालकों को भी गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। म्यांमार निवासी तीनों भाई वीजा अवधि खत्म होने के बाद भी जलालाबाद में नाम बदलकर रह रहे थे। इनमें दो भाइयों ने पकड़े जाने से करीब 15 दिन पहले बदले हुए नाम से मदरसे में दाखिला भी ले लिया था। साथ ही बदले हुए मुस्लिम नामों से संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी उच्चायुक्त कार्यालय में शरणार्थी का दर्जा पाने के लिए आवेदन कर दिया था। अब्दुल मजीद ने तो जिले में करीब 15 साल से रहते हुए भारतीय दस्तावेज आधार कार्ड, पैन कार्ड, बैंक खाते आदि खुलवा लिए थे।
पुलिस ने म्यांमार निवासी चारों युवकों से गहन पूछताछ के लिए बृहस्पतिवार को कैराना कोर्ट में 14 दिन के रिमांड के लिए प्रार्थनापत्र दाखिल किया था। शुक्रवार को चारों युवकों को कोर्ट में तलब किया गया। कोर्ट में पुलिस की तरफ से दाखिल रिमांड प्रार्थना पत्र पर सुनवाई हुई। थानाभवन थाना प्रभारी संदीप बालियान ने बताया कि म्यांमार निवासी चारों युवकों का कोर्ट से सात दिन का रिमांड स्वीकृत हुआ है। रिमांड अवधि तीन अगस्त से नौ अगस्त तक रहेगी। शनिवार सुबह आठ बजे से रिमांड अवधि शुरू होने पर चारों युवकों को जिला कारागार मुजफ्फरनगर से लाकर पूछताछ शुरू की जाएगी।