फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दीपदान से भगवान प्रसन्न होते हैं

विज्ञापन
विज्ञापन
दीपदान से भगवान हो जाते हैं खुश
विज्ञापन

जलालाबाद। सनातन सत्संग भवन में आयोजित कार्तिक मास महात्म कथा के दौरान प्रवचन करते हुए अश्वनी भगतजी ने कहा कि मंदिर में दीपदान और साफ-सफाई करने वाले से भगवान प्रसन्न होते हैं।
विज्ञापन

दीपदान साफ-सफाई करने का महत्व समझाया। भगतजी ने बताया कि नारद जी ने कहा है कि मंदिर में नियमित रूप से दीपदान साफ साफ-सफाई करने वाले व्यक्ति के लिए स्वर्ग के रास्ते खुल जाते हैं। दीपदान से मंदिर में होने वाली रोशनी से भगवान भी प्रसन्न होते हैं। उन्होंने कहा कि सच्चे मन से भगवान की प्रार्थना करने से लोगों के पाप धुल जाते हैं और उनका जीवन सफल होता है। अहंकार व्यक्ति के नाश की निशानी है। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति मोह-माया के जाल में फंसकर अहंकार में लिप्त हो जाता है, उसका विनाश होना तय है। इसलिए मनुष्य को अहंकार से बचते हुए भगवान की भक्ति में लिप्त होकर अपने कल्याण का रास्ता चुनना चाहिए। इस मौके पर वेदप्रकाश, प्रकाशचंद, अमरनाथ बजाज, राजकुमार रूहेला, देवेंद्र शर्मा, राधेश्याम, अश्वनी आहूजा, नीलम, इंदू आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें