कैराना में राष्ट्रीय लोक अदालत का निरीक्षण करते जनपद न्यायाधीश -संवाद
कैराना। उप्र राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण लखनऊ के निर्देश पर शनिवार को जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष इंदर प्रीत सिंह जोश ने राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारंभ न्यायालय परिसर में दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया।
राष्ट्रीय लोक अदालत में जनपद न्यायाधीश द्वारा एक मामले का निस्तारण किया गया। प्रधान न्यायाधीश/परिवार न्यायालय ब्रिजेश कुमार शर्मा द्वारा 26 मामले, अशोक भारतेन्दु, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश(पोक्सो कोर्ट) द्वारा चार मामलों का निस्तारण कराया गया। सुरेंद्र राय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (एससी/एसटीएक्ट) शामली द्वारा 176 मामले, रीतू नागर अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (एफटीसी) शामली द्वारा 01 मामले, अक्षयदीप यादव मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा 3102 मामले, आंचल कसाना सिविल जज सीनियर डिविजन/एसीजेएम शामली द्वारा 961 मामले का निस्तारण किया गया।
गंधर्व पटेल सिविल जज सीनियर डिविजन/एसीजेएम कैराना द्वारा 423 मामले सहित कुल 6584 वादों का निस्तारण किया गया, जिसमें कुल धनराशि 79 लाख 33 हजार 742 रुपये का सैटलमेंट किया गया। राजस्व न्यायालयों के द्वारा कुल एक लाख 72 हजार 704 मामले का निस्तारण किया गया, जिसमें कुल धनराशि एक लाख 21 हजार 360 रुपये का सैटलमेंट राष्ट्रीय लोक अदालत में किया गया। बैंक व टेलीफोन बिल से संबंधित 354 प्री-लिटीगेशन वादों का निस्तारण किया गया, जिसमें कुल तीन करोड़ 33 लाख 80 हजार 772 रुपये की धनराशि का सैटलमेंट किया गया। इस प्रकार राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल एक लाख 79 हजार 642 वादों का निस्तारण किया गया, जिसमें कुल चार करोड़ 14 लाख 35 हजार 874 रुपये की धनराशि का सैटलमेंट किया गया।
जिला कारागार में बंद महिला बंदियों द्वारा बनाए गए बेग पर्स का पंडाल भी लगाया
कैराना। राष्ट्रीय लोक अदालत के दौरान जिला कारागार मुजफ्फरनगर का पंडाल भी लगाया गया था। पंडाल में जेल में बंद महिला बंदियों द्वारा हाथों से बनाए गए बेग पर्स आदि की सेल भी लगाई गई थी। बेग की कीमत 100 रुपये से लेकर 500 रुपये तक थी। इसके अलावा तहसील प्रशासन द्वारा स्वगणना के लिए भी पंडाल लगाया गया था।