कैराना। प्राचीन सिद्धपीठ बाबा बनखंड़ी महादेव मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन श्रीकृष्ण लीला का वर्णन किया गया। कथा वाचक मनोज नौटियाल ने कहा श्री कृष्ण की भक्ति से ही जीवन का उद्घार है। कृष्ण का अर्थ अपनी ओर आकर्षित करना है। जिस कारण देवकी के छोटे पुत्र का नाम श्रीकृष्ण रखा गया और बड़े पुत्र बल में बलवान थे जिस कारण उनका नाम बलराम रखा गया। जो भक्त श्रीकृष्ण की पूजा अर्चना करता है उसका जीवन का बेड़ा पार हो जाता है। इस मौके पर पंडित विमल नौटियाल, सुभाष, अनिल कुच्छल, पवन जैन, शिवम गोयल, वरुण कौशिक, पंडित अमित, अर्चना, गीता, नीरू गोयल, सीमा, रजनी, अंकिता आदि मौजूद रहे।