थानाभवन। पिछड़ा एवं दलित मोर्चा की ओर से मंदिर घंटों वाला में समाजसेवी और साक्षरता आंदोलन के प्रवर्तक ज्योतिबाफुले की 128वीं पुण्यतिथि मनाई गई। इस दौरान वक्ताओं ने उनके जीवन से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला।
बृहस्पतिवार को आयोजित कार्यक्रम में कस्बेवासियों ने महात्मा ज्योतिबाफुले के चित्र पर माल्यार्पण किया। मुख्य वक्ता नरेंद्र सैनी ने बताया कि महात्मा ने समाज को शिक्षित एवं जागृत करने का संकल्प लिया। बताया कि वह शिक्षा के समान अवसर, समतामूलक समाज के पक्षधर और महिला शिक्षा को बढ़ावा देने वाले विचारक थे। राम स्वरूप वाल्मीकि ने बताया कि विषम परिस्थितियों में पिछड़ों एवं दलितों को शिक्षा एवं न्याय दिलाने के लिए संघर्ष किया। इस मौके पर आल इंडिया सैनी सेवा समाज के जिलाध्यक्ष अमित सैनी, शशि किरण सैनी, अजब सिंह, राम स्वरूप वाल्मीकि, हरनाम, विनोद सैनी, पंकज, गोपाल सैनी, राजेंद्र सैनी, बाबूराम सैनी, सुधीर सैनी, नीरज सैनी, धर्मेंद्र प्रजापति, गोपाल प्रजापति, आदेश प्रजापति, भगत वाल्मीकि, रंजीव वाल्मीकि, तिलकराज वाल्मीकि, चंद्रपाल कश्यप आदि मौजूद रहे।