शाहजहांपुर। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से बिगड़ा मौसम रविवार को तीसरे दिन भी असामान्य रहा। सुबह से बादल छाने और ग्रामीण क्षेत्र में हल्की बूंदाबांदी से सुबह को बढ़ी नमी से ठंडी हवा गर्मी से सुकून देती रही, लेकिन दोपहर तक बादल हल्के पड़ने पर धूप निकली तो गर्मी के साथ उमस बढ़ गई। रविवार को अधिकतम तापमान 3.5 डिग्री उछलकर 32 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। मौसम वैज्ञानिक के अनुसार के अनुसार हवा के कम दबाव का क्षेत्र दोबारा बनने से अगले 24 घंटे तक बादल छाए रहने और बूंदाबांदी होने के आसार हैं।
शनिवार को दोपहर बाद तक मौसम खराब बना रहा और इस दौरान कई बार रुक रुककर बूंदाबांदी होने से हवा में नमी का स्तर 92 प्रतिशत हो गया था। हालांकि, शनिवार शाम को सूर्यास्त से एक घंटा पहले आसमान थोड़ा साफ हुआ और बादलों की ओट से सूरज ने झांकने की शुरुआत की तो लगा कि रात में मौसम सामान्य हो जाएगा। वातावरण में बढ़ी आर्दता से रात में न्यूनतम तापमान बीते 24 घंटे की तुलना में 3.4 डिग्री घटकर 20.7 डिग्री सेल्सियस रह गया। इससे रात में न केवल गर्मी का प्रकोप थमा रहा, आधी रात के बाद गुलाबी ठंड का अहसास होने पर लोगों को पंखे-कूलर बंद करने पड़ गए।
भोर होने पर लोग घरों से बाहर निकले तो आसमान चौतरफा बादलों से घिरा मिला। इस दौरान हवा की गति बेहद मंद होने से सूर्योदय के कई घंटे बाद तक धूप नहीं निकली। जिले के ग्रामीण अंचलों में बूंदाबांदी होने से नम हवा गर्मी से राहत देती रही, लेकिन दोपहर से बादल छंटे और धूप निकली तो आर्द्रता उमस में बदलकर गर्मी पैदा करने लगी। गन्ना शोध परिषद के मौसम वैज्ञानिक डॉ. मनमोहन सिंह के अनुसार धूप के असर से शाम तक आर्र्द्रता घटकर 65 प्रतिशत रह गई और इसीलिए दोपहर से उमस भरी गर्मी महसूस हुई। उन्होंने बताया कि बैरोमीटर सूचकांक मेें एक अंक की गिरावट सोमवार को भी बादल छाए रहने का संकेत दे रही है, लेकिन तेज बारिश होने की कोई संभावना नहीं है।