मुनादी के जरिए लोगों को सतर्क करने के निर्देश
उन्होंने एसडीएम और सीओ को गंगा नदी के तटीय और दूब क्षेत्रों में लगातार निगरानी के साथ मुनादी के जरिये जन सामान्य को जागरूक और सतर्क करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही बाढ़ चौकियों को लगातार अलर्ट मोड पर रखने और राजस्व निरीक्षकों तथा लेखपालों को क्षेत्र में तैनात रहने पर जोर दिया है। इन अधिकारियों से निचले इलाकों में पानी भरने की स्थिति में प्रभावितों को सुरक्षित स्थानों तक ले जाने के लिए नावों और शरणालयों की व्यवस्था करने के लिए भी कहा गया है।
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एडीएम ने सीएमओ को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मेडिकल टीमों, जीवन रक्षक दवाओं, एंटी-वेनम, क्लोरीन की गोलियों और ओआरएस के पैकेट की पर्याप्त उपलब्धता रखने और सीवीओ को तटीय गांवों के पशुओं के टीकाकरण, चारे की व्यवस्था और सुरक्षित पशु-आश्रय स्थलों को चिह्नित करने के निर्देश दिए हैं।
लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंताओं से एडीएम ने भैंसार ढाई घाट तटबंध और अन्य संवेदनशील स्थलों पर लगातार पेट्रोलिंग करने और भूमि कटान होने पर तत्काल मरम्मत कराने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी अधिकारियों को अपने मोबाइल फोन 24 घंटे चालू रखने के विशेष निर्देश देते हुए कहा है कि किसी भी आपात स्थिति की सूचना तत्काल जिला आपदा नियंत्रण कक्ष को दें।
रामगंगा तीन सेमी घटने के बावजूद चार दर्जन गांवों पर बाढ़ का खतरा बरकरार
सिंचाई विभाग के बाढ़ नियंत्रण कक्ष को शुक्रवार को सुबह प्राप्त सूचनाओं के अनुसार फर्रुखाबाद जिले की सीमा पर स्थित जनपद के डबरी घाट पर रामगंगा का जलस्तर बीते 24 घंटों में तीन सेमी कम होकर 134.38 मीटरगेज हो गया। हालांकि, रामगंगा अभी खतरे के निशान से 2.92 मीटर नीचे बह रही है, लेकिन जैतीपुर, जलालाबाद और परौर से लेकर अल्हागंज क्षेत्र तक नदी के दोनों तटों पर बसे करीब चार दर्जन गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है।
इन सभी गांवों के आबादी वाले हिस्से अभी बाढ़ से दूर हैं, लेकिन नदी के किनारे के सभी खेत डूबे हुए हैं। गंगा में बाढ़ के विकराल होने पर उसकी सहायक रामगंगा नदी में भी स्वभाविक रूप से उफान बढ़ जाता है। परौर क्षेत्र में नदी से कटान अभी थमा हुआ है, लेकिन मिट्टी-पत्थर की क्रेट से बनाई गईं कई कच्ची ठोकरें तेज बहाव में बह जाने से वहां पानी कम होते ही भूमि कटान तेज हो जाने की आशंका है। इसे देखते हुए क्षेत्र के किसानों ने क्षतिग्रस्त ठोकरों की मरम्मत जल्द कराने की मांग की है।