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Budget 2026: शाहजहांपुर के व्यापारी बोले- आयकर में राहत नहीं, टैक्स चोरी पर सजा की जगह जुर्माना स्वागत योग्य

Sun, 01 Feb 2026 01:43 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहांपुर

सार

आम बजट पर व्यापारी उमेश चंद्र पाठक ने कहा कि यह बजट बड़े व्यापारियों को लाभ देने वाला है। आमजन के लिए कोई राहत मिलते नहीं दिख रही है। उन्होंने टैक्स चोरी के मामले में सजा की जगह जुर्माने का प्रावधान किए जाने का स्वागत किया है।   
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व्यापारी उमेश पाठक - फोटो : संवाद
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विस्तार
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वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को संसद में बजट पेश किया। इस बजट में आयकर स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया गया है। आम बजट पर शाहजहांपुर के व्यापारी उमेश चंद्र पाठक ने कहा कि आयकर (इनकम टैक्स) में राहत की आस व्यापारी वर्ग लगाए हुए था, लेकिन कर में राहत नहीं मिल सकी है। यह दुर्भाग्यपूर्ण है। कर चोरी पर सजा की जगह जुर्माना का प्रावधान स्वागत योग्य है। 

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पाठक ने कहा कि व्यापारी वर्ग को राहत देनी चाहिए थी। बजट से आम जन को भी कोई राहत मिलते नहीं दिख रही है। यह बजट बड़े व्यापारियों को लाभ देने वाला है। इसमें वरिष्ठ नागरिकों को लेकर भी कोई कदम नहीं उठाए गए हैं। वरिष्ठ नागरिकों के लिए पेंशन में इजाफा की मांग भी पूरी नहीं हुई है। रेलवे और बस में रियायत टिकट पर भी कोई कदम नहीं उठाया गया है। 

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जरी जरदोजी पर कोई घोषणा न होने से मायूसी 
युवा नेता अनूप वर्मा ने कहा कि आम बजट में कपड़ा उद्योग को लेकर कई घोषणा की गई हैं, पर जिले की पहचान जरी जरदोजी को अछूता रखा गया है। इससे कारीगरों को मायूसी हाथ लगी है। शाहजहांपुर को जरी जरदोजी और कालीन का हब माना जाता था। यहां पर शहर से लेकर देहात तक कारखानों में बड़ी संख्या में लोग काम करते थे। कुछ समय से कालीन और जरी जरदोजी का कारोबार ठप हो गया है। 

जरी जरदोजी को एक जिला एक उत्पाद योजना में शामिल किया गया है। फिर भी इसके दिन नहीं बदल सके हैं। अनूप वर्मा ने बताया कि आम बजट में जरी जरदोजी और कालीन के उद्योग को लेकर काफी उम्मीदें थी। सरकार ने कपड़े उद्योग पर तो ध्यान दिया, पर शाहजहांपुर के कालीन और जरी जरदोजी के कारोबार में जुटे लोगों को लाभ नहीं दिया गया है। इससे लोगों में काफी हताशा है।
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