दस हजार की आबादी को नहीं मिल रहीं स्वास्थ्य सुविधाएं
लखीमपुर बार्डर पर बसा यह गांव खुटार ब्लॉक मुख्यालय से 11 किलोमीटर दूर है। आसपास के नवाजपुर, महमूदपुर सैंजनिया, रघुनाथपुर, दिलीपपुर, लक्ष्मीपुर सहित 10-12 गांवों की 10 हजार की आबादी को स्वास्थ्य सुविधाएं देने के लिए कैमहरिया में पीएचसी का निर्माण कराया गया था। उम्मीद थी कि अब किसी के बीमार होने पर खुटार की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी, लेकिन यह दिखावा ही साबित होकर रह गया है। पीएचसी पर डॉ. अंकित वर्मा, फार्मासिस्ट विजयपाल वर्मा, वार्ड ब्वॉय मुखत्यार अली और एक एएनएम की तैनाती है।
पैथोलॉजी और प्रसव कक्ष में उपकरण तक नहीं
अस्पताल के अन्य कमरों के हालात और भी चौंकाने वाले हैं। यहां के पंजीकरण कक्ष में एक झाड़ू और एक बाल्टी रखी थी। पैथालॉजी कक्ष में जांच के लिए कोई उपकरण मौजूद नहीं था।
कैमहरिया पीएचसी बंद होने की जांच कराई जाएगी। डॉक्टर और कर्मचारी क्यों नहीं पहुंचे, इसका जवाब तलब होगा। जल्द ही व्यवस्थाएं सही कराईं जाएंगी।- डॉ. अंसार अली, कार्यवाहक सीएमओ शाहजहांपुर