बहुगल नदी में ठोकरें बनाने का काम तेज
जलालाबाद में तीन तरफ बहगुल नदी से घिरे खंडहर इलाके के गांव अंडपुर को कटान से होने वाले नुकसान से बचाने के लिए सिंचाई विभाग द्वारा नदी किनारे ठोकरें बनाने काम तेजी से कराया जा रहा है। कार्य शुरू हो जाने से डर के साये में रह रहे ग्रामीणों को राहत मिली है। अंडपुर गांव बहगुल के मुहाने पर बसा हुआ है। हर साल बारिश के दौरान नदी के कटान से दर्जनों घर पानी में समा जाते हैं।
ग्रामीण नरेंद्र सिंह, भानुप्रताप आदि ने विधायक वीर विक्रम सिंह व लोक निर्माण विभाग के मंत्री जितिन प्रसाद से नदी किनारे ठोकरें बनवाए जाने की मांग की थी। जिसके बाद सिंचाई विभाग ने गांव के पास नदी द्वारा तेजी से किए जा रहे कटान की जगह तीन ठोकरें बनवाने का काम शुरू कर दिया है।
ठेकेदार मुकेश वर्मा ने बताया कि दो का निर्माण पूरा कर लिया है। दो-तीन दिन मे शेष बची एक अन्य ठोकर बनाने का काम भी पूरा हो जाएगा। तहसीलदार पैगाम हैदर ने बताया कि नावों की व्यवस्था की जा रही है और सभी 13 बाढ़ चौकियों के प्रभारियों से जलस्तर पर कड़ी नजर रखने और लगातार संपर्क में बने रहने के निर्देश दिए गए हैं।
13 बाढ़ चौकियों से की जा रही है जलस्तर पर निगरानी
मिर्जापुर क्षेत्र में गंगा-रामगंगा का जलस्तर बुधवार सुबह से कम हो रहा है। फिर भी प्रशासन ने बाढ़ पर कड़ी नजर रखने के लिए तहसील क्षेत्र में 13 बाढ़ चौकी स्थापित कर दी हैं।
नायब तहसीलदार पूनम मधुकर ने बताया कि बाढ़ से सर्वाधिक प्रभावित रहने वाले ग्राम पंचायत पैलानी उत्तर के मजरा आजाद नगर और इस्लाम नगर की स्थिति का जायजा लेने के लिए राजस्व निरीक्षक और लेखपालों की टीम को भेजा गया है। बाढ़ चौकियों पर लेखपाल, ग्राम पंचायत अधिकारी, आशा वर्कर, पंचायत सहायक और पुलिस के कांस्टेबल को तैनात किया गया है।
परौर क्षेत्र में रामगंगा से कटान की आशंका
परौर क्षेत्र मोहनपुर मझरा के आगे से कटान शुरू होने की आशंका बढ़ गई है, जबकि नारायण नगर में रामगंगा की धार लगने से कटान की कगार पर आ गया है। कटान की आशंका को देखते हुए दोनों मजरों के लोग काफी परेशान हैं। फसलों को लेकर काश्तकार चिंतित हैं।