शाहजहांपुर। मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव से बुजुर्गोें के साथ बच्चों की भी सेहत बिगड़ रही है। राजकीय मेडिकल कॉलेज के पीकू वार्ड (बाल सघन चिकित्सा इकाई) में सांस लेने में दिक्कत, बुखार, उल्टी-दस्त आदि के मरीज बढ़े हैं। वर्तमान में पीकू वार्ड में लगभग 16 बच्चे भर्ती हैं।
राजकीय मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में रोजाना 1400-1500 पर्चें बनते हैं। सुबह-रात की सर्दी ने बच्चों के स्वास्थ्य पर विपरीत असर डाला है। इसके चलते बीमार बच्चे पीकू वार्ड में भर्ती किए जा रहे हैं। सेहरामऊ दक्षिणी के गांव भरगवां निवासी नौ महीने के कार्तिक को सांस लेने में दिक्कत होने पर भर्ती कराया गया। इसी तरह आरसी मिशन के रौसर कोठी निवासी किरन ने बताया कि उनके बेटे केशव को कई दिन से तेज बुखार आ रहा था। दो दिन पूर्व ही भर्ती कराया गया है।
पीलीभीत जिले के बिलसंडा की वीरावती ने बताया कि पौत्र दिव्यांश को तेज बुखार आने पर अस्पताल लाना पड़ा। डॉक्टर के अनुसार, पीकू वार्ड में एक सप्ताह में करीब 55 बच्चे भर्ती हुए हैं। इनमें विभिन्न बीमारी से पीड़ित बच्चे शामिल हैं। मौसम में बदलाव को देखते हुए जरूरी है कि खानपान में सावधानी बरतें। सांस संबंधी परेशानी या उल्टी-दस्त होने पर डॉक्टर की सलाह से दवाई लें।
यह बरतें सावधानियां
- बचाव के लिए बच्चों को धूप में नहीं खेलने दें।
- साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दें।
- स्वच्छ पानी का सेवन करें।
- हाथ धोकर ही बच्चों को खाना खिलाएं।
- बासी भोजन का सेवन बिल्कुल नहीं करें।
- घर में बना ताजा पका भोजन दें।
- बाहर की खाद्य सामग्री बिल्कुल नहीं खिलाएं।
- हल्का व सुपाच्य भोजन बच्चों को दें।
- उल्टी, दस्त होने पर जीवन रक्षक घोल दें और तत्काल चिकित्सक को दिखाएं।
(जैसा कि राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ.राजेश कुमार ने बताया)