शाहजहांपुर। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में जिले में चार लाख से अधिक मतदाता सूची से हटाए गए हैं। इसमें एएसडी (अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत) मतदाता शामिल हैं। विधानसभावार जिस औसत से मतदाता घटे हैं, पिछले विधानसभा चुनाव में उससे कम आंकड़ों में जीत-हार का फैसला हुआ था। ऐसे में अब सियासतदारों की गणित बिगड़ सकती है।
अगले वर्ष प्रदेश में विधानसभा चुनाव संभावित हैं। इससे पहले चलाए गए एसआईआर अभियान में मतदाताओं की संख्या कम हो गई है। जीत-हार में जितना अंतर नहीं होता, उससे कहीं अधिक वोट कट गए हैं। वोट कटने से चुनाव लड़ने वाले कई प्रत्याशियों के समीकरण बिगड़ सकते हैं।
ऐसे में गत वर्षों में जातिगत आंकड़ों का खाका तैयार करने वाले राजनीतिक दलों को फिर से माथा-पच्ची करना होगी। आंकड़ों पर नजर डालें तो जितने वोटों से हार-जीत हुई। उससे कई गुना ज्यादा वोट कट गए हैं। इससे चुनाव में उतरने वाले कई प्रत्याशियों को मतदाताओं को साधने के लिए अधिक मेहनत करनी पड़ेगी।
जिले में थे करीब 23 लाख मतदाता
27 अक्तूबर 2025 को शुरू हुए एसआईआर अभियान से पहले जनपद में कुल मतदाताओं की संख्या 2315538 थी। इसमें 1243662 पुरुष मतदाता, 1071733 महिला मतदाता और 143 तृतीय लिंग के मतदाता थे। 10 अप्रैल 2026 को अंतिम सूची जारी की गई। नई सूची में कुल मतदाता 1900961 रह गए हैं। नई सूची में 1054727 पुरुष मतदाता, 846155 महिला मतदाता व 79 तृतीय लिंग मतदाता रह गए हैं। एसआईआर के बाद जिले में चार लाख 14 हजार 577 मतदाता कम हुए हैं। इसमें 188935 पुरुष मतदाता, 225578 महिला मतदाता और 69 तृतीय लिंग के मतदाता की संख्या में कमी आई है।
2022 विधानसभा चुनाव में जीत का आंकड़ा और कटे वोट
विधानसभा हार-जीत का अंतर कटे वोट की संख्या
कटरा 357 58270
जलालाबाद 4572 60352
तिलहर 13277 57416
पुवायां 51578 80380
शहर 9313 106061
दददौल 9701 52098
मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए भरना होगा फाॅर्म छह
जिन मतदाताओं के सूची से नाम कट गए हैं या नए मतदाता हैं। ऐसे लोगों को सूची में नाम जुड़वाने के लिए फाॅर्म छह भरना होगा। इसमें वर्ष 2003 मतदाता सूची में अपना या माता-पिता का विवरण देना होगा। इसके साथ ही आधार काॅर्ड की काॅपी लगानी होगी। इसमें एक घोषणापत्र भी लगाना होगा। इसको संबंधित क्षेत्र के एसडीएम कार्यालय में जमा करना होगा। एसडीएम इसकी जांच करेंगे। जांच में सही पाए जाने पर मतदाता सूची में नाम शामिल कर लिया जाएगा। यह प्रक्रिया लगातार चलती रहेगी।
विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत जिन मतदाताओं के नाम सूची से कट गए हैं या नया मतदाता बनना है तो ऐसे लोगों फाॅर्म छह भरकर संबंधित एसडीएम कार्यालय में जमा करना होगा। जांच में सही पाए जाने पर मतदाता का नाम सूची में शामिल कर लिया जाएगा।
- रजनीश कुमार मिश्र, एडीएम प्रशासन