खुटार। गांव महोलिया वीरान निवासी गुरविंदर सिंह की बुखार आने पर झोलाछाप से इलाज कराने के बाद मौत होने के मामले में शनिवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की।
गांव महोलिया वीरान निवासी 28 वर्षीय गुरविंदर सिंह को एक अक्तूबर को बुखार आया था। इसके बाद परिजन गांव में ही एक झोलाछाप के यहां दवाई लेने पहुंचे। आरोप है कि झोलाछाप ने बिना चेकअप किए ही कोई इंजेक्शन लगा दिया। इंजेक्शन लगने के 20 मिनट बाद ही हालत बिगड़ गई और गुरविंदर सिंह की मौत हो गई।
इसके बाद परिजनों ने झोलाछाप के यहां पहुंचकर हंगामा काटा तो वह मौके से भाग गया। शनिवार को खुटार सीएचसी प्रभारी डॉ. संजीव कुमार टीम के साथ मृतक के घर पहुंचे और परिजनों से जानकारी ली। जसवीर सिंह ने बताया कि गलत इंजेक्शन लगाने से ही पुत्र गुरविंदर सिंह की जान गई है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग की टीम से कार्रवाई की मांग भी की।
इसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम झोलाछाप के घर पहुंची, जहां उसकी पत्नी और भाई मिला। टीम ने दोनों लोगों से पूछताछ की। डॉ. संजीव कुमार ने बताया कि घटना की जानकारी हुई थी। उसी के आधार पर जांच शुरू की गई है। शनिवार को मृतक के परिजनों और झोलाछाप के घर गए थे। जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।