पुवायां के गांव करनापुर निवासी सूरज सिंह का फाइल फोटो। स्रोत परिजन
पुवायां। बच्ची के नामकरण संस्कार के कुछ घंटे बाद ही सड़क हादसे में पिता की मौत से खुशियां मातम में बदल गईं। युवक की एक साल पहले ही शादी हुई थी।
गांव करनापुर निवासी देवशरण सिंह का 26 वर्षीय पुत्र सूरज सिंह दिल्ली की किसी कंपनी में सुपरवाइजर थे। एक वर्ष पूर्व सूरज की शादी लखीमपुर निवासी सविता देवी के साथ हुई थी। बच्ची का जन्म होने पर सूरज 15 दिन पहले घर आए थे। शनिवार शाम को बच्ची का नामकरण संस्कार था।
नामकरण संस्कार धूमधाम से मनाने के बाद रात लगभग दो बजे सूरज सिंह गांव के ही अपने दोस्त मोनू सिंह और अमित सिंह के साथ बाइक से किसी काम से पुवायां आए थे। वापस जाते समय गांव बितौनी के पास सड़क हादसे में तीनों लोग घायल हो गए। रात लगभग ढाई बजे जानकारी होने पर परिजन घायलों को पुवायां सीएचसी लाए, जहां सूरज को मृत घोषित कर दिया गया।
सूरज की मौत की जानकारी घर पहुंची तो नामकरण संस्कार की खुशियां मातम में बदल गईं। परिजन और रिश्तेदार बिलख उठे। माेनू और अमित को उनके परिजनों ने निजी अस्पताल में भर्ती कराया है। दोनों की हालत खतरे से बाहर है। सूरज चार बहनों के बीच अकेले भाई थे। उनकी मौत से बहनों, पिता, मां और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
पुलिस ने शव पोस्टमॉर्टम को भेजा है। गांव के तमाम लोगों ने सूरज के घर पहुंचकर परिजनों को सांत्वना दी है।