बिजली कटौती से परेशान किसानों ने बुधवार को बिजली उपकेंद्र पर पहुंचकर प्रदर्शन किया और बिजली सुचारु रूप से दिलाए जाने की मांग की।
बुधवार को क्षेत्र के तमाम किसान बिजली उप केंद्र पहुंचे और बताया कि बिजली नहीं मिलने से धान और गन्ने की फसल सूखने की कगार पर पहुंच गई है। डीजल खरीद कर पंपिंग सेट से सिंचाई करना किसान के बस से बाहर है। शिकायत के बाद भी अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। उप केंद्र पर तैनात कर्मचारियों ने किसानों को बताया कि जो भी सप्लाई मिल रही है, उसे क्षेत्र में सुचारु रूप से वितरण किया जा रहा है। बिजली की समस्या प्रदेश भर में है। किसान कर्मचारियों की बात से संतुष्ट नहीं हुए और सरकार के साथ ही अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
जेई रामाशंकर ने किसानों को बताया कि 18 सितंबर तक बिजली आने का कोई समय निर्धारित नही है। इसके बाद स्थिति में सुधार हो सकता है। जेई से वार्ता के बाद किसानों ने प्रदर्शन समाप्त कर दिया। प्रदर्शन के दौरान सुधीर त्रिवेदी, मंजीत सिंह, बलहार सिंह, केवल सिंह, दीप सिंह, पाल सिंह, सर्वजीत सिंह, बलकार सिंह, कश्मीर सिंह, जगतार सिंह, बलवीर सिंह, बख्शीश सिंह सहित तमाम किसान मौजूद रहे।