शाहजहांपुर। शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं का प्रत्येक विकासखंड स्तर पर सत्यापन शुरू कराया गया है। इसके बाद विद्यार्थियाें के अभिभावकों व स्कूलों के खातों में धनराशि ट्रांसफर की जाएगी। शासन से बजट आने के बाद बीईओ के माध्यम से सत्यापन हो रहा है।
आरटीई के तहत निजी स्कूलों में प्रवेश लेने वाले छात्र-छात्राओं को पांच हजार रुपये यूनिफॉर्म, स्टेशनरी और किताबों के लिए दिए जाते हैं। इसी तरह 450 रुपये प्रति महीने स्कूलों को फीस शासन से मिलती हैं। बच्चों की संख्या के हिसाब से बेसिक शिक्षा विभाग बजट की मांग करता है।
इस सत्र में विभाग को बजट की प्राप्ति हो गई, जो अभिभावकों व स्कूलों के खातों में ट्रांसफर किया जाना है। बीएसए ने बच्चों के सत्यापन के लिए बीईओ को पत्र जारी कर दिया है। बीएसए दिव्या गुप्ता ने बताया कि परिषद के निर्देश के अनुसार ही पहले सत्यापन कराएंगे। उसके बाद धनराशि जारी की जाएगी।