खुटार। गांवसभा कैमहरिया के मजरा मैदाखेड़ा में बनी अस्थायी गोशाला से कुछ दूर दो मृत पशु खुले में पड़े मिले। शव को कुत्ते और कौवे नोच रहे थे। कई पशुओं के कंकाल भी मिले। हिंदू युवा संगठन (अ) के अध्यक्ष अवनीश मिश्रा की सूचना पर पहुंचे थाना प्रभारी ने अवशेषों को जेसीबी मशीन से गड्ढे में दफन करा दिया।
गांव मैदाखेड़ा के पास अस्थायी गोशाला है। गोशाला में 165 गोवंशीय पशु पल रहे हैं। गोशाला से पूरब दिशा में रेत के टीले हैं। सोमवार को लोगों ने हिंदू युवा संगठन के कार्यकर्ताओं को सूचना दी कि टीलों के पास कई मृत गोवंशीय पशु और पशुओं के काफी अवशेष पड़े हैं।
सूचना मिलते ही संगठन के अध्यक्ष अवनीश मिश्रा कार्यकर्ताओं के साथ मौके पर पहुंचे। मौके पर गोवंशीय पशुओं के दो अवशेष और 20 से अधिक पशुओं के कंकाल पड़े मिले।
अवनीश मिश्रा ने मामले की जानकारी प्रशासनिक अधिकारियों को दी। सूचना पर थाना प्रभारी श्यामवीर सिंह मौके पर पहुंचे और लोगों से जानकारी लेकर जांच की। इसके बाद पुलिस ने जेसीबी मशीन मंगवाकर अवशेष और मृत पशुओं को दफन करा दिया। हिंदू युवा संगठन के कार्यकर्ताओं ने गोशाला की देखरेख करने वालों के साथ ही प्रधान और ग्राम पंचायत अधिकारी के खिलाफ जांच कराने की मांग की है।
‘गोशाला के गोवंशीय पशुओं के नहीं हैं शव’
बीडीओ आशीष सिंह ने बताया कि गांव के लोगों ने बताया है कि पांच गोवंशीय पशुओं के शव पुराने थे। प्रधान और गांव के लोगों के अनुसार जिस जगह कंकाल मिले हैं, वह गांव के हड़वारा (पशुओं के शव फेंकने का स्थान) की भूमि है। पशुओं की प्राकृतिक मौत पर यहां शव डाले जाते हैं। मौके पर पहुंचकर जांच कर शवों और कंकाल को दफन करा दिया गया है।
इस मामले में बीडीओ से बात की जाएगी और मामले की जांच कराई जाएगी। पशुओं को दफनाने के लिए गहरा गड्ढा खुदवाने की प्रक्रिया अपनाई जानी चाहिए।
-अपराजिता सिंह, सीडीओ, शाहजहांपुर