तहसीलदार के रिपोर्ट नहीं देने से हो रही समस्या, कई शिकायतों पर भी नहीं हो रही सुनवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
पुवायां। गांव नाहिल निवासी सेवानिवृत्त लेखपाल 80 वर्षीय ब्रजमोहन लाल जीपीएफ राशि नहीं मिल पाने से इलाज नहीं करा पा रहे हैं। डेढ़ वर्ष बीत जाने और तमाम शिकायतों के बाद भी तहसीलदार उनकी रिपोर्ट नहीं भेज रहे हैं।
ब्रजमोहन लाल ने बताया कि वह तहसील पुवायां में लेखपाल के पद से 31 जुलाई 2004 को रिटायर हुए थे। उन्होंने डेढ़ वर्ष पूर्व लेखा एवं हकदारी के प्रधान लेखाकार को पत्र भेजा तो उनके कार्यालय से शाहजहांपुर के डीएम से जीपीएफ पासबुक मांगी गई। डीएम ने एडीएम प्रशासन से सत्यापन को कहा, लेकिन सत्यापन नहीं किया गया।
प्रार्थनापत्र देने पर एडीएम ने 23 सितंबर को एसडीएम को आदेश देकर तहसीलदार से सत्यापन रिपोर्ट देने के लिए कहा, लेकिन तहसीलदार ने सत्यापन रिपोर्ट नहीं दी। वह बीमार रहते हैं और फंड की राशि नहीं मिलने के कारण इलाज नहीं करा पा रहे हैं। उन्होंने अपने पुत्र रमेशचंद्र मिश्रा को एडीएम के यहां भेजा था।
एडीएम ने 29 जुलाई को समस्त कागजों सहित उनसे शाहजहांपुर आने के लिए कहा था, लेकिन अत्यधिक बुजुर्ग और बीमार होने के कारण वह जिला मुख्यालय जाने में असमर्थ हैं। ब्रजमोहन लाल ने एडीएम से तहसीलदार पुवायां को सत्यापन के लिए आदेश देने की मांग की है। एसडीएम संजय पांडे ने बताया कि मामला संज्ञान में है। तहसीलदार का पद रिक्त था। अब तहसीलदार आ गए हैं। फाइल तहसीलदार के पास है, रिपोर्ट भिजवाई जाएगी।