शाहजहांपुर। तिलहर में हादसे के बाद पुलिस और प्रशासन ने अपने सारे संसाधनों का प्रयोग कर दिया। साढ़े तीन घंटे तक घायलों को अस्पताल तक लाया गया। एंबुलेंस, डॉयल 112 से घायलों को भेजा। गाड़ी का प्रबंध नहीं होने पर परिजन घायलों को बाइक से लेकर आए। इससे उन्हें समय से उपचार मिल सकें।
करीब चार बजे से एंबुलेंस से घायलों के आने का सिलसिला शुरू हुआ। प्रत्येक एंबुलेंस में एक से तीन मरीज तक आए हैं। यह सिलसिला शाम सात बजे तक चलता रहा। इस बीच तिलहर सीएचसी में एंबुलेंस कम पड़ने पर कुछ लोग अपने मरीजों को लेकर बाइक से पहुंचे।
ट्रैक्टर के चालक के खिलाफ गुस्सा, बोले-कर दिया घरों में अंधेरा
-हादसे में 11 लोगों की जान चली गई व 30 लोग घायल हो गए। ट्रैक्टर ट्रॉली के चालक के खिलाफ ग्रामीणों में जबर्दस्त नाराजगी है। राजकीय मेडिकल कॉलेज में आए परिजनों ने बताया कि चालक ने अपनी मनमानी के चलते कई घरों में अंधेरा कर दिया है। लोग उसे पीटने तक के लिए तैयार हैं।
वित्त मंत्री ने हादसे को दुर्भाग्यपूर्ण बताया
-वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने जिला अस्पताल में पहुंचकर घायलों से हाल-चाल लिया। उन्होंने प्राचार्य से घायलों के बेहतर उपचार के प्रबंध के निर्देश दिए। वित्तमंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि हादसा दुर्भाग्यपूर्ण है। सूचना मिलने के बाद प्रशासन बचाव कार्य में लग गया था। सीएम ने मृतकों के परिजनों को दो लाख और घायलों को 50 हजार रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की है। सुरेश खन्ना ने माना कि चूक जरूर हुई है, उसकी जांच कराई जाएगी। उनके साथ सांसद अरुण सागर, तिलहर विधायक सलोना कुशवाहा, ददरौल विधायक मानवेंद्र सिंह, डीपीएस राठौर आदि भी थे।