शाहजहांपुर / लखनऊ। विधानसभा के बजट सत्र 2026-27 में प्रदेश सरकार ने उत्तर प्रदेश राज्य विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक व उत्तर प्रदेश राज्य विश्वविद्यालय (द्वितीय संशोधन) विधेयक, 2026 को पारित करा लिया। सदन में उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय की ओर से प्रस्तुत दोनों विधेयक बहुमत से पारित हुए। द्वितीय संशोधन विधेयक के माध्यम से शाहजहांपुर स्थित मुमुक्षु आश्रम ट्रस्ट की शैक्षिक इकाइयों को उच्चीकृत कर स्वामी सुखदेवानंद विश्वविद्यालय की स्थापना का मार्ग प्रशस्त किया गया है।
मंत्री ने बताया कि ट्रस्ट द्वारा एमओयू करके अपनी चल-अचल द्वारा अपनी भूमि और संसाधन सरकार को हस्तांतरित कर विश्वविद्यालय स्थापना में सहयोग दिया गया है। इससे 60 क्षेत्रीय महाविद्यालयों का संबद्धीकरण होगा और युवाओं को स्थानीय स्तर पर शिक्षा व रोजगार के नए अवसर मिलेंगे।
मंत्री उपाध्याय ने सदन को अवगत कराया कि वर्ष 2017 के बाद योगी सरकार ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक सुधार किए हैं। जहां पहले कई मंडलों में सरकारी विश्वविद्यालयों का अभाव था, वहीं अब लगातार नए विश्वविद्यालय स्थापित किए जा रहे हैं। सरकार की उच्च शिक्षा प्रोत्साहन नीति के तहत हर जिले तक विश्वविद्यालय पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिससे शिक्षा का संतुलित और विकेंद्रीकृत विकास सुनिश्चित हो सके।
एक अरब आठ करोड़ रुपये की है संपत्ति
डीएम की ओर से जारी हैसियत प्रमाणपत्र में चल-अचल संपत्ति एक अरब 8 करोड़ तीन लाख 20 हजार रुपये है। मुमुक्षु आश्रम की विभिन्न इकाइयाें के भवनों का कुल क्षेत्रफल 33092.2 वर्ग मीटर है। इनका मूल्य 71 करोड़ 91 लाख 9 हजार 566 रुपये आंका गया है। शिक्षा संकुल में स्वामी शुकदेवानंद कॉलेज, स्वामी शुकदेवानंद विधि महाविद्यालय, श्री देवी सम्पद ब्रह्मचर्य संस्कृत महाविद्यालय, श्री धर्मानंद सरस्वती कॉलेज और श्री शंकर मुमुक्षु विद्यापीठ का संचालन होता है। विश्वविद्यालय की मंजूरी मिलने के बाद कुलपति, कुलसचिव, वित्त अधिकारी और परीक्षा नियंत्रक समेत नौ पद सृजित किए जाएं।