तिलहर में पूर्वी भक्सी तिराहे से तहसील रोड पर दुकान के सामने पड़ी नाले की सिल्ट। संवाद
तिलहर। नगर पालिका के सफाई कर्मियों ने चार दिन पहले नालों से निकालकर सड़कों पर लगाए गए कचरे के ढेर उठाने की जरूरत नहीं समझी। रविवार रात में हुई बारिश से कचरे के ढेर कीचड़ में बदलकर सड़कों पर फैल गए। इससे राहगीरों का निकलना दूभर हो गया और दुकानदार भी परेशान हैं।
नगर पालिका हर साल नालों की सफाई का ठेका देती है, लेकिन इस वर्ष ईओ ने यह कार्य पालिका के सफाई कर्मियों से शुरू कराया। यह काम देर से शुरू होने के कारण बारिश का दौर शुरू होने तक जारी रहा। चार दिन पहले पूर्वी भक्सी तिराहे से तहसील रोड व आईटीआई से बाइपास चौराहा सहित नगर के कई नालों की सफाई कराई गई, लेकिन कचरे को सड़कों के किनारे यह कहकर छोड़ दिया गया कि सूखने पर उठाया जाएगा।
दो दिन से रुक-रुककर हो रही बारिश से कचरे का ढेर सूखने के बजाय गीला होकर बिखरने लगा। इससे सड़कें इतनी फिसलन भरी हो गईं कि उन पर पैदल चलना कठिन है। मोहल्ला उम्मरपुर के कारोबारी सगीर, विश्व हिंदू परिषद के नगर अध्यक्ष अरविंद गुप्ता, पूर्व सभासद पीर मोहम्मद अंसारी, सर्वेश आर्य आदि का कहना है कि सड़कों पर नालों की गंदगी फैल जाने से घरों के अंदर तक दुर्गंध पहुंच रही है।
दो दिन कचरे को सूखने में लग गए। शनिवार को एक सफाई कर्मी के परिजन की मौत होने पर अन्य सफाई कर्मी वहां चले गए। रविवार को अवकाश रहा। अब जल्द ही कचरों के ढेर हटवाए जाएंगे। -राजीव कुमार, सफाई निरीक्षक, नगरपालिका परिषद, तिलहर