मंगलवार रात को रेलवे स्टेशन पर चंडीगढ़ सुपरफास्ट एक्सप्रेस में चढ़ने के लिए दरवाजे पीटते यात्री
शाहजहांपुर। रेलवे स्टेशन पर मंगलवार देर रात पहुंची चंडीगढ़ सुपरफास्ट एक्सप्रेस के कोचों में अंदर से बंद दरवाजों को न खोलने पर तमाम यात्री प्लेटफार्म पर ही रह गए। वे मदद के लिए चिल्लाते रहे, लेकिन जीआरपी व आरपीएफ कहीं दिखाई नहीं दी। पिछले दिनों ही अनारक्षित कोचों में यात्रियों का प्रवेश सुलभ बनाने के लिए निर्देश जारी किए गए थे।
लखनऊ से चलकर चंड़ीगढ़ जाने वाली चंड़ीगढ़ सुपरफास्ट एक्सप्रेस मंगलवार रात सवा एक बजे शाहजहांपुर रेलवे स्टेशन पर आई। इसमें लगे कोचों के दरवाजे अंदर से बंद थे। रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म पर ट्रेन के आने का इंतजार कर रहे यात्रियों ने कोच के दरवाजे खुलवाने का काफी प्रयास किया। कोच में अंदर बैठे यात्रियों ने दरवाजे नहीं खोले। इस बीच प्लेटफार्म पर मौजूद यात्री चीखते-चिल्लाते रहे। उनकी किसी ने नहीं सुनीं।
अपने निर्धारित दो मिनट के ठहराव के बाद ट्रेन गंतव्य के लिए रवाना हो गई। ऐसे में यात्री प्लेटफार्म पर ही रह गए। यह स्थिति दूसरी ट्रेनों में भी देखने को मिलती है। रेलवे के अधिकारी इस पर ध्यान नहीं दे रहे।
वहीं जीआरपी के प्रभारी रेहान अहमद ने बताया कि अधिकतर स्टाफ चुनाव ड्यूटी पर गया हुआ है। इसी वजह से यात्रियों के ट्रेनों में सुलभ प्रवेश को सुनिश्चित नहीं किया जा सका।