शाहजहांपुर। पशु चिकित्सा विभाग में चिकित्सकों की कमी है। इस वजह से पशुओं को ठीक से इलाज नहीं मिल पा रहा है। 31 अस्पतालों में सिर्फ 11 चिकित्सक और दो फार्मासिस्ट तैनात हैं। विभागीय अधिकारियों की ओर से चिकित्सकों की शासन से मांग की गई, लेकिन नतीजा शून्य है।
पशु चिकित्सा विभाग के मुताबिक जिले में आठ लाख 80 हजार गाय और भैंस हैं। पशुओं के इलाज के लिए विभाग के जिले में 31 अस्पताल हैं। इन अस्पतालों में मात्र 11 चिकित्सक और दो फार्मासिस्ट तैनात हैं। एक चिकित्सक के पास तीन से चार अस्पतालों का कार्यभार है। सप्ताह में मुश्किल से एक दिन चिकित्सक प्रत्येक अस्पताल में उपलब्ध हो पाते हैं। पशुओं के गंभीर बीमार होने पर पशुपालकों को सरकारी इलाज मिल पाना मुश्किल होता है। मजबूरी में झोलाछाप से पशुओं का इलाज कराते हैं। मेडिकल स्टोर से पशुपालक दवा लेकर पशुओं को खिलाते हैं। जानकारी के अभाव में पशुओं की कई बार दिक्कत बढ़ जाती है।