शाहजहांपुर। होली पर शहर में तो लाट साहब का जुलूस शांति से निकल गया, लेकिन देहात क्षेत्र में कई स्थानों पर हुए विवाद में फायरिंग हो गई। इनमें एक की मौत हुई और सात लोग घायल हो गए। थाना जलालाबाद के बांसखेड़ा और पिटारमऊ गांव में विवाद हुए। बांसखेड़ा में बीच बचाव करने पर राजेंद्र सिंह और उनके तीन बेटों ने रामऔतार की गोली मारकर हत्या कर दी। गांव पिटारमऊ में महिलाओं का वीडियो बनाने के दौरान हुए विवाद में अधिवक्ता कुलदीप और गांव के ही राजेश को गोली मारकर घायल कर दिया। थाना निगोही के गांव जहानपुर में डीजे बजाने से मना करने पर जितेंद्र को गोली मारकर घायल कर दिया गया। थाना मिर्जापुर के गांव लोहारनगला में बच्चों के विवाद में अनुज शर्मा को गोली मारकर घायल कर दिया गया। थाना अल्हागंज क्षेत्र के गांव वानपुर में होली के हुड़दंग में एक युवक ने तमंचे से साथी को गोली मारकर घायल कर दिया। वहीं कांट थाना क्षेत्र के गांव सिमरिया में बुधवार शाम चार बजे डीजे बजाने को लेकर दूसरे समुदाय के लोगों ने फायरिंग कर दी, जिसमें चाचा-भतीजा गोली लगने से घायल हो गए।
बीच-बचाव पर गोली मारकर हत्या, गांव में फोर्स तैनात
लालाबाद। गांव बांसखेड़ा में मंगलवार शाम करीब पांच बजे ग्रामीण होली पर आखत डालने के लिए इकट्ठा हो रहे थे। इसी दौरान वहां अशोक गुर्जर और राजेंद्र के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी के बाद मारपीट शुरू हो गई। पास ही मौजूद 48 वर्षीय रामऔतार ने बीच बचाव कर दिया। इसके बाद दोनों वहां से चले गए लेकिन इससे राजेंद्र चिढ़ गया। कुछ देर बाद रामऔतार अपनी चाची के यहां से होली मिलकर निकल रहे थे, तभी रास्ते में राजेंद्र ने अपने बेटे शिवप्रताप, मोनू और सोनू के साथ रामऔतार को घेर लिया और शिवप्रताप ने तमंचे से फायर कर दिया। गोली रामऔतार के सीने में लगी और वह गिर गए। फायर की आवाज सुनकर रामऔतार के घरवाले पहुंचे लेकिन आरोपी भाग गए। रामऔतार को लेकर घरवाले सीएचसी पहुंचे, लेकिन उन्होंने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। सूचना पर सीओ ब्रह्मपाल और कोतवाल रवि कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और शव पोस्टर्माटम को भिजवाया। स्थिति बिगड़ने की आशंका के चलते गांव में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। कोतवाल रवि कुमार ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।
पुरानी खुन्नस पाले बैठा था.. इस बार मिल गया बहाना
मामूली बात को लेकर अपने पड़ोसी रामऔतार की जान ले लेने के पीछे पुरानी खुन्नस बताई जा रही है। लोगों के मुताबिक करीब एक साल पहले रामऔतार के भाई भैयालाल और राजेंद्र के बच्चों के बीच मारपीट होने के बाद काफी कहासुनी हो गई थी। रामऔतार ने उस घटना को भुला दिया, लेकिन राजेंद्र अंदरखाने रंजिश मान रहा था। मंगलवार को हुए झगड़े के दौरान राजेंद्र जब अशोक गुर्जर पर हावी हो गया। तब रामऔतार के बीच बचाव करने से वह अशोक बच गया। उस दौरान गांव के अन्य लोग मौजूद थे। इस कारण राजेंद्र कुछ कह नहीं सका, लेकिन रामऔतार का बचाना राजेंद्र को अखर गया और उसने बदला लेने की ठान ली। वहीं, रामऔतार इससे बेपरवाह बने रहे और कुछ देर बाद जैसे ही वह घर से निकले राजेंद्र और उसके बेटों ने घटना को अंजाम दे दिया।
पुलिस नहीं मना सकी होली
गोलीबारी की घटना के बाद न केवल दो गांवों में होली के रंग में भंग पड़ गया, बल्कि पुलिस भी होली नहीं मना सकी। त्योहार सकुशल निपटने के अगले दिन पुलिस विभाग के लोग होली मनाते हैं। बुधवार को पुलिस ने धूमधाम से होली मनाने की पूरी तैयारी कर ली गई थी। सुबह ही डीजे व भांगड़ा कोतवाली पहुंच गया था, लेकिन कुछ देर बाद उसे वापस भेज दिया गया। दो-दो घटनाएं होने के बाद अधिकांश पुलिस कर्मियों की संबंधित गांव में तैनात की गई थी। सीओ व कोतवाल बार-बार मांगे जाने वाली सूचनाओं को लेकर अधिकारियों के संपर्क में थे।
वीडियो बनाने और छेड़छाड़ के विरोध पर फायरिंग, अधिवक्ता समेत दो घायल
आखत डालने के दौरान दूसरे समुदाय के युवक बना रहे थे वीडियो, गांव में फोर्स तैनात
जलालाबाद। नगर के मोहल्ला प्रतापनगर में रह रहे अधिवक्ता कुलदीप सक्सेना गांव पिटारमऊ के मूल निवासी हैं। परिवार के साथ होली मनाने वह भी गांव पहुंचे थे। अधिवक्ता के भाई ज्ञान प्रकाश सक्सेना ने पुलिस को बताया कि मंगलवार रात करीब आठ बजे वह सभी गांववालों के साथ आखत डालने के बाद गमी वाले घरों में चले गए। साढ़े आठ बजे गांव की महिलाएं आखत डालने पहुंची। इस दौरान गांव के ही दूसरे समुदाय के कुछ युवक होलिका स्थल पर पहुंचे और मोबाइल से वीडियो बनाकर अश्लील बातें करने लगे। वहां मौजूद गांव के राजेश वर्मा ने विरोध किया तो उस समय आरोपी वहां से चले गए। मगर कुछ ही देर बाद अवैध हथियारों ये लैश कई नकाबपोश वहां पहुंच गए। इसी बीच वे लोग भी होली मिलकर आ गए। तभी गांव के ही नसरुद्दीन ने तमंचे से फायर कर दिया, जो कुलदीप सक्सेना के पेट में लगा। कुलदीप गिर पड़े तभी नसरुद्दीन के भाई रिंकू, टिंकू के अलावा गांव के ही आरिफ, लल्ला समेत दो अन्य अज्ञात ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। एक गोली राजेश वर्मा के दाहिने हाथ को रगड़ती हुई निकल गई। गांव वालों की सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। घायल अधिवक्ता को बरेली के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मामला दो समुदाय से जुड़ा होने के कारण गांव में फोर्स तैनात कर दिया गया। कोतवाल रवि कुमार ने बताया कि इस मामले में पांच को नामजद करते हुए सात लोगों के खिलाफ जानलेवा हमले और बलवा समेत विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट की गई है। कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।
दूसरे गांव के लोग बुलाकर किया हमला
गांव पिटारमऊ में यदि पुलिस समय पर न पहुंचती तो बड़ा बबाल हो सकता था। बताते हैं गांव में तादाद कम होने के कारण आरोपी पक्ष ने गांव सुल्तानपुर से कुछ लोगों को बुलवा लिया था। फायरिंग में अधिवक्ता समेत दो लोगों के जख्मी होने से आक्रोशित हुए दूसरे पक्ष के लोग भी इकट्ठा हो गए। इसी बीच कई थानों की पुलिस गांव पहुंच गई तो बड़ा बवाल होने से बच गया।
डीजे की आवाज धीमी नहीं की तो चला दी गोली
निगोही। क्षेत्र के गांव जहानपुर में ग्रामीण होली खेल रहे थे। गांव के अखिलेश सहित एक दर्जन से अधिक लोगों ने जमकर शराब पी और डीजे बजाना शुरू कर दिया। आरोप है कि इसी दौरान गांव के धूम सिंह वहां पहुंचे और अखिलेश सिंह से डीजे की आवाज धीमी करने को कहा। मगर अखिलेश ने डीजे की आवाज और तेज कर दी। इस पर दोनों के बीच विवाद हो गया। इसके बाद धूम सिंह अपने घर गया और तमंचा लेकर आ गया। गांव के चंद्र प्रकाश ने धूम सिंह से तमंचा छीन लिया, लेकिन धूम सिंह ने दोबारा चंद्र प्रकाश से तमंचा छीन लिया और अखिलेश पर फायर कर दिया। मगर गोली बीच-बचाव करने पहुंचे गांव के ही जितेंद्र सिंह यादव के पेट में लगी। परिवार वाले उन्हें निगोही सीएचसी ले गए लेकिन वहां से जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। थानाध्यक्ष इंद्रजीत भदौरिया का कहना है कि घायल जितेंद्र सिंह का उपचार चल रहा है। अभी तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलते ही कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
होली के हुड़दंग में चचेरे-तहेरे भाई भिड़े, मारी गोली
अल्हागंज। गांव वानपुर निवासी अनुज कुमार और तहेरे भाई सत्य प्रकाश सोमवार शाम आपस में चुहलबाजी कर रहे थे। बातों ही बातों में उनमें विवाद हो गया और लाठी-डंडे चलने लगे। आरोप है कि इसी बीच सत्यप्रकाश दौड़कर अपने घर गया और तमंचे से अनुज पर गोली चला दी, जो उनके पेट में लगी। गोली की आवाज सुनकर मौके पर भगदड़ मच गई। अनुज के परिजन उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे, जहां से फर्रुखाबाद रेफर कर दिया गया। परिजन के मुताबिक गोली उसके पेट को चीरते हुए बाहर निकल गई। घायल का इलाज किया जा रहा है। एसओ सुधाकर पांडे ने बताया कि फायरिंग में अनुज को गोली लगी है। वहीं सत्यप्रकाश को भी सिर में चोट आई है। घटना की तहरीर अभी नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
बच्चों के विवाद में चले लाठी-डंडे और गोली, एक घायल
मिर्जापुर। गांव लोहानगला में मंगलवार शाम करीब 6:30 बजे अनुज शर्मा और परशुराम के बच्चों में विवाद हो गया था। आरोप है कि अनुज शर्मा जब परशुराम के घर शिकायत करने गए तो परशुराम ने गाली-गलौज की, जिससे विवाद बढ़ गया। इसी बीच दोनों पक्षों के लोग जमा हो गए और लाठी-डंडे चलने लगे। इसी बीच परशुराम पक्ष के लोग तमंचा निकाल लाए और फायर कर दिया, जिसमें एक गोली अनुज शर्मा के पेट में लगी। वहीं, लाठी लगने से परशुराम का भी सिर फूट गया। सूचना पर पहुंची पुलिस को देखकर हमलावर भाग गए। घायल अनुज को जिला अस्पताल भेजा गया, जहां से लखनऊ रेफर कर दिया गया। अनुज के भाई अनुपम शर्मा की ओर से परशुराम और उनके साथी विजेंद्र, राजेंद्र, राजाराम के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
डीजे के विवाद में फायरिंग, चाचा-भतीजा घायल
कांट। थाना कांट क्षेत्र के गांव सिमरिया में बुधवार को होली पर गांव के बाहर डीजे बज रहा था। शाम चार बजे डीजे बजाते हुए लोग गांव के अंदर जा रहे थे। साथ में पुलिस भी चल रही थी। गांव के नजदीक एक धार्मिक स्थल के पास पहुंचे, तभी दूसरे समुदाय के लोगों ने अचानक फायरिंग कर दी। इस घटना में 45 वर्षीय ऋषिपाल और उनका भतीजा 19 वर्षीय सचिन गोली लगने से घायल हो गया। घटना से अफरा-तफरी मच गई। डीजे छोड़ लोग बचने के लिए इधर-उधर भाग गए। इसके बाद हमलावर मौके से भाग गए। घायलों को पुलिस ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। घटना की जानकारी मिलते ही और पुलिस बल गांव पहुंच गया।