शाहजहांपुर। संपत्ति की रजिस्ट्री के लिए आधार-आधारित बायोमीट्रिक सत्यापन अनिवार्य कर दिया गया है। सदर उप निबंधक कार्यालय में सोमवार को पहले दिन आधार आधारित 43 बैनामे हुए। इस प्रक्रिया के शुरू होने के बाद फर्जी बैनामा होने की आशंका न के बराबर रह गई है।
पहले बैनामा होता था तो क्रेता, विक्रेता और गवाहों की बायोमीट्रिक सत्यापन कराया जाता था लेकिन इसमें आधार का इस्तेमाल नहीं किया जाता था। अब क्रेता, विक्रेता और गवाहों का आधार नंबर डालने के बाद बायोमीट्रिक कराई जाएगी। इसमें अंगूठा लगाने पर पूरी डिटेल सामने आ जाएगी। इस प्रक्रिया से धोखाधड़ी की कोई गुंजाइश नहीं रह जाएगी और पारदर्शिता बढ़ जाएगी।
फर्जी बैनामों को लेकर लगातार शिकायतें आती रहतीं थीं। इनकी वजह से झगड़े हो जाते थे। लोग कोर्ट-कचहरी के चक्कर लगाते थे। जमीन किसी और की और फर्जी बैनामा कराकर लोग कब्जा कर लेते थे। अब यह समस्या नहीं रहेगी। सब रजिस्टार अरुण गुप्ता ने बताया कि नई प्रक्रिया लागू होने से पारदर्शिता बढ़ जाएगी।