जलालाबाद। एडीएम वित्त एवं राजस्व अरविंद कुमार की अध्यक्षता में सोमवार को आयोजित समाधान दिवस में दिन में करीब 1:30 बजे अचानक मंडलायुक्त भूपेंद्र एस चौधरी पहुंच गए। इस दौरान उन्होंने अनुपस्थित मिले अधिकारियों के खिलाफ एसडीएम को शासन से पत्राचार करने के लिए निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कोई भी शिकायत अथवा समस्या तीन दिन से ज्यादा लंबित नहीं रहनी चाहिए।
भीषण सर्दी के कारण समाधान दिवस में केवल 13 फरियादी पहुंचे। इनमें सिर्फ एक शिकायत का ही मौके पर निस्तारण हो सका। इस दौरान मंडलायुक्त ने कहा कि जमीन के चिह्नांकन, पैमाइश और अवैध कब्जे जैसी शिकायतों के आवेदनों का निस्तारण अधिकारी उसी दिन कराना सुनिश्चित करें।
मंडलायुक्त ने गुरगवां निवासी प्रगतिशील किसान चंद्रपाल सिंह की रामपुर बैन गांव की करीब आठ एकड़ जमीन पर विलुप्तप्राय, औषधीय और देशी कलम से तैयार किए गए फलदार वृक्षों वाली मधुबन वाटिका का जायजा भी लिया।
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फरियादियों की बात
पति रमेश दिव्यांग हैं। खेती की जमीन भी नही है। अंत्योदय कार्ड बनवाने के लिए कई बार पूर्ति कार्यालय जा चुकी हूं, लेकिन अब तक कार्ड नही बना और इसका कोई कारण भी नहीं बताया जा रहा।
-प्रतिमा, ततियारी (अल्हागंज)
मकान के विवाद में मारपीट की घटना हुई थी। शिकायत करने के बावजूद पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। मंडलायुक्त ने मामले की जांच कर आरोपी को बेदखल करने के निर्देश दिए हैं।
- ललिता देवी, कटेली (जलालाबाद)
शिकायतों के समाधान में अधिकारी लापरवाही नहीं करें : डीएम
शाहजहांपुर। डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में तहसील भवन में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में 45 शिकायत आईं। इनमें से छह का मौके पर निस्तारण किया गया। डीएम ने कहा कि शिकायतों के समाधान में लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
डीएम ने शुक्रवार को आयोजित होने वाली ग्राम चौपालों में अपेक्षित सक्रियता न होने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि चौपाल में जाने वाले अधिकारी जलजीवन मिशन से जुड़े 13 कुशल कारीगरों को अनिवार्य रूप से बुलाएं और उनसे किए जा रहे कार्यों की जानकारी प्राप्त करें।
इस दौरान एसपी राजेश द्विवेदी, एसडीएम तिलहर सदानंद सरोज, तहसीलदार दीपेंद्र कुमार, सीओ ज्योति यादव, डीडीओ ऋषिपाल सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। संवाद