शिवकुमार उर्फ शिवा का फाइल फोटो। स्रोत: परिजन
निगोही (शाहजहांपुर)। छह दिन से लापता संडा खास गांव निवासी शिवकुमार उर्फ शिवा (22) का क्षतविक्षत शव मंगलवार दोपहर बाद एक बाग में पड़ा मिला। शव को जंगली जानवरों ने नोच खाया था। शव के पास एक तमंचा पड़ा था। परिजनों ने कपड़ों से शव की पहचान की। साथ ही, आत्महत्या की आशंका व्यक्त की।
बड़े भाई रामसेवक ने बताया कि 20 अगस्त को मिथलेश कुमार के बाग में भाई शिवकुमार गांव के एक युवक के साथ शराब पी रहा था। जब बुलाने गए तो भाई ने तमंचा अपनी कनपटी में लगाते हुए खुद को गोली मारने की धमकी देते हुए चले जाने के लिए कहा। भाई का मूड देखकर वापस चले आए। सोचा नशा उतरने पर भाई आ जाएगा।
दूसरे दिन सुबह तक भाई घर नहीं आया तो उसकी तलाश की, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चला। देहरादून में काम करने वाले गांव के लोगों से बात की, लेकिन उन लोगों ने जानकारी होने से मना कर दिया। मंगलवार दोपहर बाद ग्रामीणों ने कई कुत्तों को बार-बार बाग में आते-जाते देखा तो उन्हें शक हुआ। ग्रामीणों के साथ बाग में गए तो वहां मानव शरीर के अंग बिखरे मिले।
शव का अधिकांश हिस्सा जानवरों ने खा लिया था। कपड़े देख भाई के शव की पहचान की। वहीं पर एक 315 बोर का तमंचा मिला। बाग में शिवकुमार का शव मिलने से पूरे गांव में हड़कंप मच गया। प्रभारी निरीक्षक राजीव तोमर बड़ी संख्या में पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। शव के हिस्सों को एकत्र किया। फोरेंसिक टीम ने पहुंचकर जांच की।
भाई बोले, नहीं है किसी से दुश्मनी
परिजनों ने बताया कि बाइक मिस्त्री शिवकुमार चार भाइयों में सबसे छोटा था। संडा खास चौराहे पर उसकी दुकान थी। मृतक की मां मुन्नी देवी और दिव्यांग पिता रामलड़ैते रोते-रोते बेहाल हो गए। एक भाई करण दुबई में इलेक्ट्रीशियन है। सबसे बड़े भाई रामजी पेशे से अधिवक्ता हैं। उन्होंने बताया कि किसी से कोई दुश्मनी नहीं है। हो सकता है कि डांट फटकार के डर से उसने आत्महत्या कर ली हो।
परिजन किसी पर आरोप नहीं लगा रहे हैं। शव के पास से एक तमंचा मिला है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
- शुभम वर्मा, सीओ सदर