शाहजहांपुर। करवाचौथ नजदीक आते ही बाजारों में महिलाओं की खरीदारी के साथ मेहंदी लगवाने का उत्साह भी बढ़ने लगा है। इस बार मारवाड़ी और राजस्थानी डिजाइन की मेहंदी महिलाओं की खास पसंद बनी हुई है। हथेलियों पर पर पारंपरिक आकृतियों के साथ आकर्षक फूलों के डिजाइन बनवाने के लिए महिलाएं मेहंदी कलाकारों से संपर्क कर रही हैं। इसके अलावा थ्रीडी मेहंदी का भी क्रेज देखने को मिल रहा है।
चूड़ी वाली गली के मेहंदी कारीगर अनुज गुप्ता बताते हैं कि करवाचौथ पर सबसे ज्यादा मारवाड़ी और राजस्थानी डिजाइन की मेहंदी लगवाई जाती है। मारवाड़ी मेहंदी में दूल्हा-दुल्हन, कलश और पारंपरिक आकृतियां बनाई जाती हैं। राजस्थानी डिजाइन में गुलाब, कमल के फूल और अन्य आकर्षक आकृतियों को उकेरा जाता है। इन डिजाइनों में बारीक कारीगरी के साथ हाथों को भरा हुआ लुक दिया जाता है।
उन्होंने बताया कि थ्रीडी मेहंदी की शुरुआत 500 रुपये से होती है। इसमें खुले और आकर्षक डिजाइन बनाए जाते हैं। करवाचौथ पर महिलाओं की बढ़ती मांग को देखते हुए उनके यहां नौ लोगों का स्टाफ काम करता है, जिसमें चार लड़कियां शामिल हैं। जरूरत के अनुसार घर जाकर भी मेहंदी लगाई जाती है। महिलाएं फोन पर अपनी पसंद का डिजाइन दिखाती हैं और उसी के अनुसार मेहंदी लगाई जाती है।
यह है मेहंदी का रेट
-साधारण 50 से 100 रुपये प्रति कलाई
-200 से 400 रुपये तक दोनों पूरी हथेलियों पर
-500 से 700 रुपये हथेलियों व पैरों पर
-1500 से 2100 रुपये मारवाड़ी मेहंदी
-1500 रुपये से राजस्थानी मेहंदी लगाने की शुरुआत
शुरू की गई तैयारी
करवाचौथ के लिए कारीगरों ने तैयारी शुरू कर दी है। हथेलियों पर रचने वाली मेहंदी को बनाने का सिलसिला प्रारंभ हो गया है। कारीगरों के अनुसार, पाउडर और तेल का मिश्रण कर मेहंदी बनाते हैं। उसके बाद कोन में भरकर रखते हैं।
शाहजहांपुर चूड़ी वाली गली में लगवाई जा रही जयपुरी डिजाइन की मेहंदी। संवाद
शाहजहांपुर चूड़ी वाली गली में लगवाई जा रही जयपुरी डिजाइन की मेहंदी। संवाद