शाहजहांपुर। सात से अधिक सीट क्षमता वाले निजी वाहनों की हर वर्ष फिटनेस जांच कराने की अनिवार्यता समाप्त कर दी गई है। इससे जिले के 2654 वाहन स्वामियों को राहत मिलेगी।
एआरटीओ प्रशासन सर्वेश सिंह ने बताया कि चालक को छोड़कर छह से अधिक सीट क्षमता वाले निजी वाहनों की प्रत्येक वर्ष फिटनेस जांच कराने की अनिवार्यता अब समाप्त कर दी गई है। पूर्व व्यवस्था के तहत ऐसे वाहनों की हर साल फिटनेस जांच कराना जरूरी था। इससे व्यक्तिगत और पारिवारिक उपयोग में आने वाले निजी वाहन भी प्रतिवर्ष फिटनेस जांच प्रक्रिया से गुजरते थे। नई व्यवस्था लागू होने के बाद वाहन स्वामियों को हर साल फिटनेस जांच कराने के लिए कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। संवाद