गांव नवदिया बंकी के बिजली फार्म पर गन्ना छील रहे श्रमिक पर रविवार को हमला करने वाले बाघ की हलचल को देर रात एक फार्मर ने अपने मोबाइल के कैमरे में कैद कर लिया। हमले के बाद बाघ पूरे दिन गन्ने के खेत में ही छिपा रहा। रात लगभग दस बजे सन्नाटा होने पर बाघ खेत से निकला और लगभग एक किमी दूर जाकर गन्ने के दूसरे खेत में छिप गया। इस दौरान कार से खेत देखने निकले फार्मर की नजर उस पर पड़ गई और उसने अपने मोबाइल ने बाघ की वीडियो क्लिप बना ली।
रविवार सुबह बंडा के गांव नवदिया बंकी के बिजली फार्म पर गन्ने में छिपे बाघ ने गन्ना काट रहे गांव दिउरिया कलां के श्रमिक धर्मपाल पर हमलाकर घायल कर दिया था। साथी श्रमिकों ने शोर शराबा किया तो बाघ धर्मपाल को छोड़कर गन्ने के खेत में चला गया था। इसके बाद धर्मपाल को इलाज के लिए ले जाया गया था। बाघ होने की सूचना पर बिजली फार्म के आसपास के लोग दहशत में थे और बाघ की लोकेशन पर निगाह रखे हुए थे।
बिजली फार्म के स्वामी मंजीत सिंह ने बताया कि बाघ होने के कारण श्रमिकों ने खेतों की रखवाली करने से इंकार कर दिया था। रात लगभग 10 बजे वह खेत से जंगली पशुओं को भगाने गए थे, इस बीच बाघ गन्ने से निकल कर बाहर आ गया। वे लोग चुपचाप कार में दुबक गए। इसके बाद बाघ पड़ोस के हरवंश सिंह के मटर के खेत में चला गया और बाद में कुछ दूर गन्ने के दूसरे खेत में जाकर छिप गया। इस दौरान हम लोगों ने चार पहिया वाहन की लाइट में बाघ का वीडियो बना लिया। बाघ दिखने की सूचना पर वन दरोगा संजीव कुमार, वनरक्षक सत्यपाल सिंह, वाचर चंद्रपाल सिंह, सुभाष चंद्र, मोरपाल, प्रेमचंद, नत्थूलाल, मुन्नालाल आदि मौके पर पहुंचे और बाघ के पगमार्क ट्रेस कर बताया कि दूसरे खेत में वही बाघ है, जिसने धर्मपाल पर हमला किया था।