शहर के बिजली नेटवर्क को ओवरलोडिंग से निजात दिलाने के लिए केंद्र सरकार की एपीडीआरपी स्कीम के तहत कार्यदायी संस्था एनकेजी कंपनी की लापरवाहियां पॉवर कारपोरेशन पर भारी पड़ रही हैं। नतीजे में शहरी क्षेत्र के दो ट्रांसफार्मर फिर आग की भेंट चढ़ गए। बिजली विभाग के फील्ड स्टाफ ने शुक्रवार को लोधीपुर मेें 250 केवी का नया ट्रांसफार्मर लगाया और अहमदपुर रेती इलाके को ट्रॉली ट्रांसफार्मर से बिजली सप्लाई चालू कराई।
लोधीपुर में एनटीआई के पास अभी तक 100 केवी का ट्रांसफार्मर लगा था जबकि उससे कनेक्शन 215 जुड़े थे। इसी कारण यह ट्रांसफार्मर पिछले छह माह के अंतराल में बीती शाम छठी बार फुंक गया और क्षेत्र की बिजली सप्लाई ठप हो गई। वहां के लिए हथौड़ा उपकेंद्र के प्रभारी जेई नया ट्रांसफार्मर जुटाते कि कुछ देर बाद अहमदपुर में ग्रीन वैली कान्वेंट केपास रखा ट्रांसफार्मर भी अधिक बिजली लोड से जल उठा। इस फाल्ट से रेती क्षेत्र में आने वाले कई मोहल्लों के तमाम घरों में पूरी रात अंधेरा पसरा रहा।
शुक्रवार को अभियंताओं ने फुंके ट्रांसफार्मरों का निरीक्षण कर उन्हें चिनौर की विभागीय वर्कशॉप भिजवाया। लोधीपुर में ढाई गुना अधिक क्षमता वाला नया ट्रांसफार्मर लगाया गया ताकि उसके जलने की आशंका टाली जा सके। रेती क्षेत्र के लिए नए ट्रांसफार्मर की डिमांड स्टोर को भेज दी गई है। राज्य विद्युत परिषद जेई संगठन के अध्यक्ष शैलेंद्र पांडेय के अनुसार छह माह में दोनों ट्रांसफार्मर कई बार फुंकने से विभाग को 30 लाख रुपये से अधिक नुकसान हो चुका है।