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Shahjahanpur News: चांदपुर-मैलानी मार्ग के किनारे फिर चहलकदमी करता दिखा तेंदुआ

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चांदपुर। खुटार वन रेंज में सवा माह के दौरान एक दर्जन से ज्यादा पालतू पशुओं का शिकार कर अपना निवाला बना चुका तेंदुआ रविवार की रात मैलानी मार्ग के किनारे फिर घूमता देखा गया। मार्ग से गुजर रहे किसी राहगीर ने इसका वीडियो भी बना लिया, जो सोशल मीडिया पर वायरल होने से ग्रामीणों में दहशत बढ़ गई है।
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इससे पहले, गत सप्ताह गांव में पूरनपुर मार्ग पर स्थित बालाजी मंदिर के पास तेंदुआ सड़क पार करते देखा जा चुका है। मंदिर के पास लगे सीसी कैमरे में उसकी तस्वीर भी कैद हो चुकी है, लेकिन वन विभाग उसे अब तक पकड़ने में नाकाम रहा है। रविवार की रात करीब दस बजे मैलानी मार्ग पर चौपहिया वाहन से गुजर रहे एक ग्रामीण ने सड़क के किनारे झाड़ि़यों में एक तेंदुआ दिखा, जो वहां से निकलकर घूमने लगा। कुछ देर चहलकदमी के बाद तेंदुआ फिर झाड़ियों में जाकर गुम हो गया।
मैलानी मार्ग पर तेंदुआ दिखने की सूचना मिलने ही ग्रामीणों में दहशत बढ़ गई। गांव के मनोज शुक्ला, संचित शुक्ला, सुशांत दीक्षित, राम बाजपेयी आदि लाठियां लेकर मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने इसकी सूचना रात में ही मोबाइल पर वन विभाग के एसडीओ को दी। ग्रामीण रात 11 बजे के बाद तक वहां डटे रहे, मगर वन विभाग की कोई टीम नहीं पहुंची।
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रविवार की रात तेंदुआ देखे जाने की सूचना मिलने पर विभागीय टीम मौके पर भेजी गई, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चल सका। पिछले तीन-चार दिनों से तेंदुए की कोई नई गतिविधि सामने नहीं आई है। टीम रात में भी मुस्तैद रखी गई है, ताकि तेंदुआ जल्दी पकड़ा जा सके।
-डॉ. सुशील कुमार, एसडीओ, वन विभाग
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भर्री बसंतपुर के तालाब में दो पशु खींच ले गया मगरमच्छ



शाहजहांपुर। निगोही क्षेत्र के गांव भर्री बसंतपुर के तालाब में रविवार को एक मगरमच्छ दो पशुओं को पानी में खींच ले गया। इससे ग्रामीणों में दहशत है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव की पूर्व दिशा के तालाब से निकले मगरमच्छ ने पहले किनारे घूम रहे एक कुत्ते को पकड़ा। बाद में तालाब से निकले मगरमच्छ ने सुअर के एक बच्चे को तालाब में खींच ले गया।



ग्रामीणों की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके का मुआयना कर लौट गई। वन दरोगा सतीश गौतम ने बताया कि तालाब बहुत गहरा होने से मगरमच्छ को जाल डालकर पकड़ना संभव नहीं है। इसलिए तालाब के किनारे पिंजरा लगाकर उसे पकड़ा जाएगा। उन्होंने मगरमच्छ पकड़े जाने तक ग्रामीणों को तालाब से दूर रहने और मवेशियों को उधर नहीं ले जाने की सलाह दी है। संवाद
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