फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इस्लाम में आतंकवाद की कोई गुंजाइश नहीं

Fri, 20 Nov 2015 11:18 PM IST
शाहजहांपुर।
विज्ञापन
विज्ञापन
जमीयत उलेमा के तत्वावधान में आतंकवाद के विरोध में जलसा हुआ, जिसमें वक्ताओं ने समवेत स्वर से विश्वभर में हो रहीं आतंकी घटनाओं की कड़े शब्दों में निंदा की।
विज्ञापन

ईडेन कांफ्रेंस हाल में हुए जलसे में जमीयत उलेमा के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं जिलाध्यक्ष प्रो. सैय्यद मोहम्मद नोमान ने कहा कि इस्लाम धर्म में किसी प्रकार के आतंकवाद की कोई गुंजाइश नहीं है। जो लोग इस्लाम के नाम पर खून बहा रहे हैं, उनका धर्म-मजहब से कोई लेना-देना नहीं। इस्लाम धर्म अमन-चैन और सहनशीलता की सीख देता है, वह आतंक फैलाने की शिक्षा नहीं देता। उन्होंने कहा कि फ्रांस में हुए आतंकी हमलों की सर्वत्र निंदा की जानी चाहिए। मौलाना अजीमुद्दीन कासमी ने कहा कि दुनिया में चैन-सुकून कायम करने के लिए सभी एक-दूसरे के धर्म का सम्मान करें। मौलाना इमरान कासमी ने कहा कि इस्लाम मानवता के प्रति प्रेम करना सिखाता है। शहर काजी सैय्यद मसूद हसन ने कहा कि यह समय इंसानियत के लिहाज से बहुत महत्वपूर्ण है।
इस मौके पर अब्दुल रशीद खान, सहील अहमद, मौलाना खालिद, मौलाना अधम, मो. आजम, आफताब आलम, इरफान उल हक, इजाहर उल हक समेत बड़ी संख्या में बुद्धिजीवियों ने शिरकत की और आतंकवादी घटनाओं की कड़े शब्दों में निंदा की।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें