शाहजहांपुर। क्षमता से तीन गुने बंदी होने के चलते जेल में संक्रमण का खतरा मंडरा रहा है। जेल प्रशासन भी बंदियों की सुरक्षा को लेकर चिंतित है। इसके चलते सभी बंदियों को मास्क और सैनिटाइजर दिया गया है। वहीं, मुलाकातियों को भी सैनिटाइज करने के बाद ही अंदर जाने दिया जा रहा है।
कोरोना से बचाव के लिए सलाह दी जा रही है कि भीड़ वाले इलाकों में न जाएं, लेकिन जेल में बंदियों की संख्या चिंता का विषय बन गई है। यहां 511 बंदी रह सकते हैं लेकिन मौजूदा समय में यह संख्या 1500 से ऊपर पहुंच गई है। इस वजह से बंदियों को बैरक में बमुश्किल पैर फैलाने की जगह मिल पाती है। ऐसे में कोरोना वायरस के संक्रमण के खतरे को गंभीरता से देखा जा रहा है। जेल अधीक्षक राकेश कुमार ने बताया कि प्रत्येक बैरक में बंदियों को मास्क और सैनिटाइजर दिया गया है। वहीं, बुधवार को जब मुलाकाती आने शुरू हुए तो उन्हें सैनिटाइज करने के बाद ही अंदर जाने दिया गया।
जजी-कचहरी परिसर में सन्नाटा, वादकारियों की संख्या घटी
आम दिनों में जजी कचहरी परिसर में सुबह 10 बजे से ही वादकारियों की भीड़ उमड़नी शुरू हो जाती है, जो शाम पांच बजे तक बनी रहती है। मगर कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव के लिए जारी गाइड लाइन के तहत कुछ कोर्ट में न्यायिक कार्य स्थगित हुआ तो जजी-कचहरी में सन्नाटा पसर गया। वादकारियों के लिए अगली तारीख नियत कर कोर्ट के गेट पर नोटिस चस्पा कर दिए गए। इस बीच जिला न्यायालय, सीजेएम, सिविल जज सीनियर डिवीजन, सिविल जज जूनियर डिवीजन की कोर्ट में न्यायिक कार्य किया गया। जेल से आने वाले बंदी भी कोर्ट में पेशी पर पहुंचे।